हैदराबाद में पकड़ाया गिरोह कर रहा था लेबनान के गिरोह को फंडिंग, आरोपी के गिरोह से जुड़े तार, पुलिस ने हैदराबाद कमिश्नर से मांगी ठगी की जानकारी
इंदौर. टेलीग्राम ऐप के जरिए टास्किंग फ्रॉड कर लाखों रुपए की धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के तार हैदराबाद में पकड़ाए गिरोह से जुड़ रहे हैं। हैदराबाद में पुलिस ने नौ आरोपियों को पकड़ा, जिन्होंने देशभर में 700 करोड़ से ज्यादा की ठगी की थी। गिरोह ने क्रिप्टो करंसी के रूप में ठगी की राशि दुबई के रास्ते चीन भेजी। आशंका जताई गई थी कि ठगी का एक हिस्सा आतंकी संगठन द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले क्रिप्टो वॉलेट में ट्रांसफर किया गया। यह वॉलेट लेबनान के आतंकी संगठन द्वारा इस्तेमाल करने की आशंका जताई गई है।
टेलीग्राम ग्रुप के जरिए सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवती को फायदे का झांसा देकर करीब 16 लाख 64 हजार रुपयों की ठगी की गई। साइबर एसपी जितेंद्रसिंह की टीम ने जांच के बाद गोविंद नेमानेे और विजय होतवानी निवासी अहमदाबाद को गिरफ्तार किया। गोविंद के बारे में पता चला कि वह अंतरराष्ट्रीय ठग गिरोह से जुड़ा है, जो दुबई मॉड्यूल पर काम करता है। इस गिरोह का एक सरगना अहमदाबाद में है और एक दुबई में। अहमदाबाद के सरगना के कहने पर वह दुबई जाकर वहां इंटरनेशनल रोमिंग मोबाइल सिम देकर आया था, जिसका इस्तेमाल ऐप के फ्रॉड में हुआ।
आतंकी संगठन के ई-वॉलेट में ट्रांसफर
छानबीन में पता चला कि गोविंद के एक साथी कुमार प्रजापति निवासी अहमदाबाद को जुलाई में हैदराबाद पुलिस ने धोखाधड़ी में पकड़ा था। ऐप से फ्रॉड करने वाले गिरोह के नौ बदमाशों में एक कुमार प्रजापति भी है। हैदराबाद पुलिस कमिश्नर का दावा था कि गिरोह देशभर में करीब 700 करोड़ की धोखाधड़ी कर चुका है। आरोपी करोड़ों रुपए क्रिप्टो करंसी के रूप में दुबई के जरिए चीन भेज चुके हैं। कुछ संदिग्ध ई वॉलेट का इस्तेमाल होने का दावा भी पुलिस ने किया था। पुलिस का मानना था कि धोखाधड़ी राशि का एक बड़ा हिस्सा ऐसे वॉलेट में ट्रांसफर हुआ, जिसका इस्तेमाल लेबनान के आतंकी संगठन ने किया। आतंकी संगठन का नाम भी सामने आया था। केंद्रीय एजेंसियों को भी इसकी जानकारी दी गई और गोपनीय रूप से जांच को जारी रखा है।
सरगना का जारी करेंगे लुकआउट नोटिस
एसपी जितेंद्र सिंह के मुताबिक, गोविंद के गिरोह का सरगना दुबई में है। उसका लुकआउट नोटिस जारी करेंगे। अहमदाबाद के साथी की तलाश में एक टीम को भेजा है। हैदराबाद में पकड़ाए गिरोह के कुमार प्रजापति के गोविंद से संपर्क में होने की बात सामने आई है। एडीजी साइबर सेल ने हैदराबाद पुलिस कमिश्नर को पत्र लिखकर उनकी गिरफ्त में आए गिरोह द्वारा मध्यप्रदेश के किन लोगों के साथ ठगी की गई, उसकी जानकारी मांगी है।