
,,
इंदौर. इंदौर में क्राइम ब्रांच पुलिस ने एक दुर्लभ प्रजाति के उल्लू के साथ ही कछुए को बेचने के लिए ले जा रहे पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है कि आरोपियों में से एक डिप्टी रेंजर का बेटा है। आरोपियों के पास से जो उल्लू जब्त किया गया है वो दुर्लभ प्रजाति का है और उसकी कीमत करीब डेढ़ करोड़ रूपए बताई जा रही है। बताया जा रहा है कि तांत्रिक क्रियाओं और कथित तौर जमीन में गढ़े धन को निकालने के लिए काम में इस उल्लू और कछुए का इस्तेमाल होता है।
डेढ़ करोड़ रुपए का दुर्लभ उल्लू जब्त
इंदौर क्राइम ब्रांच को मुखबिर से सूचना मिली थी कि धतूरा गांव के पास कुछ लोग दुर्लभ प्रजाति के उल्लू और कछुए को बेचने की फिराक में घूम रहे हैं। सूचना को गंभीरता से लेते हुए क्राइम ब्रांच की टीम ने नाकेबंदी कर पांच आरोपियों को पकड़ा जिनके पास से दुर्लभ प्रजाति का उल्लू और कछुआ जब्त किया गया है। जिन पांच आरोपियों को पकड़ा गया है उनमें से एक आरोपी डिप्टी रेंजर का बेटा बताया जा रहा है। जब्त किए गए दुर्लभ उल्लू की कीमत करीब डेढ़ करोड़ रुपए बतायी जा रही है। बता दें कि शहर में दुर्लभ प्रजाति के पशुओं की तस्करी का मामला नया नहीं है, इससे पहले भी इस तरह के मामले सामने आते रहे हैं।
पुलिस ने वन विभाग को सौंपा मामला
दुर्लभ उल्लू और कछुए के साथ आरोपियों को गिरफ्तार करने के बाद क्राइम ब्रांच की टीम ने वन विभाग को सूचना दी और मामला वन विभाग के सुपुर्द कर दिया। वन विभाग अब इस पूरे मामले की जांच में जुट गया है। आरोपियों पर वन्य जीव अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। गौरतलब है कि अंधविश्वास की वजह से उल्लू का प्रयोग लोग तांत्रिक प्रक्रियाओं के लिए करते हैं। इसकी वजह से अंतरराष्ट्रीय बाजारों में इसकी मांग है। दुर्लभ प्रजाति के उल्लू को लोग मुंहमांगी कीमत देते हैं।
देखें वीडियो- बारातियों पर छाया फिल्म 'पुष्पा' का खुमार, श्रीवल्ली गाने पर जमकर किया डांस
Published on:
03 Mar 2022 08:27 pm
बड़ी खबरें
View Allइंदौर
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
