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Breaking : इंडेक्स मेडिकल कॉलेज की छात्रा ने की खुदकुशी, पढि़ए सुसाइड नोट में लिखी रुलाने वाली बातें

राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र का मामला, पुलिसकर्मी पिता बेटू आवाज लगाते बेडरूम तक पहुंचे तो बेटी फंदे पर झूलती मिली  

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इंदौर

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Manoj Mehta

Aug 09, 2018

suicide by student

दूसरी छात्रा ने भी लगाई फांसी, इंडेक्स कॉलेज की छात्रा ने की खुदकुशी (फोटो)

इंदौर. माता-पिता पर पढ़ाई का बढ़ता बोझ एक बेटी बर्दाश्त नहीं कर सकी। इंडेक्स मेडिकल कॉलेज से बीडीएस की पढ़ाई कर रही 21 वर्षीय शिवानी ने न्यूयॉर्क सिटी स्थित अपने घर पर आत्महत्या कर ली। सुसाइड नोट में उसने लिखा, ‘हर कोई पैसा पैसा करता है। इन बातों से तंग आ चुकी हूं, कभी फीस कभी क्या, बस बहुत हो गया। और दु:खी नहीं देख सकती घरवालों को।’

राजेंद्र नगर थाने में ही पदस्थ एएसआइ पिता अमोद कुमार उईके ने टीआइ सुनील शर्मा को बताया, जब वे ड्यूटी खत्म कर घर पहुंचे तो बेटी पहली मंजिल स्थित बेडरूम के पंखे से लटकी थी। सुसाइड नोट में उसने लिखा है कि उसकी मौत के बाद माता-पिता पर पढ़ाई के खर्च का भार कुछ कम होगा। उसकी बड़ी बहन कल्याणी कनाडि़या स्थित मॉडर्न कॉलेज से डॉक्टरी की पढ़ाई कर रही है। वह कॉलेज के समीप ही किराए से रहती है। इसके पहले इंडेक्स मेडिकल कॉलेज की छात्रा डॉ. स्मृ़ति लहरपुरे ने भी खुदकुशी कर ली थी। उसने भी सुसाइड नोट में फीस का मुद्दा उठाया था।

मां मिलकर लौटी ही थी कि...

बैतूल निवासी एएसआइ उइके ने बताया कि पत्नी धार के स्वास्थ्य विभाग में पदस्थ है। मंगलवार को वह बेटी से मिलने इंदौर आई थी। बुधवार दोपहर को वे धार के लिए रवाना हो गई। उसके बाद बेटी घर में अकेली थी। शाम को उनके पहुंचने के पहले बेटी ने खुदकुशी कर ली।

मम बाबू मिस यू द मोस्ट, रिअली सॉरी फॉर दिस

सुसाइड नोट में उसने आगे लिखा है सभी को ठीक देखना चाहती हूं पर मैं क्या करू मुझे समझ नहीं आता। सोच रही हूं शायद ये करूंगी तो एक का खर्चा तो कम हो ही जाएगा। फिर इतनी दिक्कत न हो शायद। सब अच्छा चल पाएगा, किसी को परेशानी भी नहीं होगी मुझसे। बहुत प्यार करती हूं सबसे और सबको हमेशा खुश देखना चाहती हूं। हां, जानती हूं आप सब भी बहुत प्यार करते हो मुझसे और दुखी तो होंगे ये देखकर। कुछ दिन बाद सब ठीक हो। किसी को किसी चीज के लिए ब्लेम न करें। खुश रहना सब। फॉरगिव मी इफ पॉसिबल। दूसरे पेज में लिखा है मम बाबू मिस यू द मोस्ट, रिअली सोरी फोर दिस, पर मुझे नहीं लगता कुछ गलत कर रही हूं। मुझे बहुत गिल्टी फील होता है आपसे पैसे मांगने में, नहीं अच्छा लगता है बिलकुल, मैं खुद करना चाहती हूं सब कुछ पर कैसेे करती। लव यू आलवेस छप्पी बाबू को।