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ओमान एयर शुरू कर सकता है भारत के क्षेत्रीय हवाई अड्डों से उड़ान

ओमान एयर ने आज कहा है कि यदि भारत सरकार अपने कहे अनुसार पाँच हजार किलोमीटर से कम दूरी के लिए भी खुले हवाई क्षेत्र की नीति पर अमल करती है तो वह देश के छोटे क्षेत्रीय अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों से सेवा शुरू कर सकती है। 

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Manish Ranjan

Jul 13, 2017

Oman Air

Oman Air

नयी दिल्ली। ओमान एयर ने आज कहा है कि यदि भारत सरकार अपने कहे अनुसार पाँच हजार किलोमीटर से कम दूरी के लिए भी खुले हवाई क्षेत्र की नीति पर अमल करती है तो वह देश के छोटे क्षेत्रीय अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों से सेवा शुरू कर सकती है। ओमान एयर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पॉल ग्रेगोरोविच ने यहाँ संवाददाताओं को बताया कि भारत ओमान की सरकारी विमान सेवा कंपनी के लिए एक महत्वपूर्ण बाजार है। वह 01 अगस्त से मुंबई और मस्कट के बीच अपनी तीसरी दैनिक उड़ान शुरू करने वाली है और इसके साथ ही भारत से उसकी साप्ताहिक उड़ानों की संख्या बढक़र 161 पर और सीट क्षमता 26,500 के पार पहुँच जायेगी।


अगले साल सीट क्षमता मे ओमान एयर करेगा और वृद्धि

उन्होंने कहा कि भारत सरकार की ओर से द्विपक्षीय समझौते के तहत नये स्लॉटों की अनुमति देने के कारण यह संभव हुआ है। अगले साल सीट क्षमता में 1,821 की और वृद्धि की जायेगी तथा यह बढक़र प्रति सप्ताह 27,405 पर पहुँच जायेगी जो अगले दो साल की माँग के हिसाब से काफी होगी। श्री ग्रेगोरोविच ने कहा कि भारत सरकार 2020 तक पाँच हजार किलोमीटर से कम दूरी के लिए भी मुक्त हवाई क्षेत्र नीति अपनाने की बात कह चुकी है। यदि ऐसा होता है और एयरलाइन को मार्केङ्क्षटग सपोर्ट मिलता है तो ओमान एयर नये शहरों को अपने नेटवर्क में शामिल कर सकती है। फिलहाल वह देश के 11 हवाई अड्डों से परिचालन करती है।

यत्रियों और मुनाफे संभावनाएं देखने के बाद ही शुरू होगा परिचालन

ग्रेगोरोविच ने कहा Þसरकार नयी योजना (क्षेत्रीय संपर्क योजना) के तहत क्षेत्रीय हवाई अड्डों को विकसित कर रही है जिसमें पुरानी सैन्य हवाई पट्टियाँ तथा बेकार पड़े हवाई अड्डे शामिल हैं। यदि वह मुक्त हवाई क्षेत्र की नीति पाँच हजार किलोमीटर से कम दूरी के लिए लागू कर देती है तो ओमान एयर ऐसे क्षेत्रीय हवाई अड्डों से परिचालन शुरू करना चाहेगी।Þ उन्होंने कहा कि निश्चित रूप से एयरलाइंस हवाई अड्डों के चयन से पहले उन पर यात्रियों और मुनाफे की संभावना का आँकलन करेगी। उल्लेखनीय है कि ओमान और भारत के बीच की दूरी पाँच हजार किलोमीटर से कम है। अपने प्रस्तुतिकरण में उन्होंने बताया कि ओमान में सात लाख से ज्यादा भारतीय कामगार हैं तथा वहाँ की अर्थव्यवस्था में भारतीयों का काफी योगदान है। अधिकतर भारतीयों की पहली या दूसरी भाषा अंग्रेजी होने के कारण दोनों देशों के बीच कारोबार और कारोबार के सिलसिले में यात्रा करने वालों की संख्या भी तेजी से बढ़ रही है।


कम हुई है हवाई यात्रा

कच्चे तेल के दाम घटने से पश्चिम एशिया के देशों की अर्थव्यवस्था पर दबाव है। सरकारें खर्च में कटौती कर रही हैं जिससे नयी परियोजनाएँ नहीं आ रही हैं और कारोबार सुस्त पड़ा हुआ है। ऐसे में कारोबारियों की हवाई यात्रा कम हुई है। साथ ही लोगों ने छुट्टियाँ मनानी भी कम कर दी हैं। इन परिस्थितियों में एयलाइंस ने भी अपने बेड़े और नेटवर्क के विस्तार की योजना को धीमा कर दिया है। पहले उसने 2020 तक अपने बेड़े में विमानों की संख्या 70 करने और नेटवर्क में 75 गंतव्य जोडऩे का लक्ष्य रखा था। अब यही लक्ष्य 2023 तक के लिए बढ़ा दिया गया है।

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