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स्टेशन पर लगी लगेज स्कैनिंग मशीन कंडम, बच्चे खिलौना बना खेल रहे

इटारसी स्टेशन पर प्रतिदिन 220 ट्रेनों से 15 हजार यात्री, यात्रा करते हैं। रेलवे ने 2018 में स्टेशन की सुरक्षा के लिए मशीन को लगाया था, जो एक साल भी नहीं चली। रेलवे के अधिकारी कई बार आए। मशीन को देखी और सुधरवाने का आश्वासन देकर चले गए।  

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स्टेशन पर लगी लगेज स्कैनिंग मशीन कंडम, बच्चे खिलौना बना खेल रहे

स्टेशन पर लगी लगेज स्कैनिंग मशीन कंडम, बच्चे खिलौना बना खेल रहे

इटारसी। इटारसी रेलवे स्टेशन की सुरक्षा भगवान भरोसे हैं। चार साल पहले प्लेटफार्म की एफओबी के पास लगी लगभग 30 लाख रुपए की लगेज स्कैनर मशीन कंडम हो चुकी है। अब इस मशीन को बच्चे खेलने का खिलौना बना दिया गया है। बच्चे इस मशीन के लगेज प्लेट पर खेल रहे थे। 2018 में कुछ महीने ये मशीन चली। अब इतनी अधिक खराब हो गई कि, उसे सुधारने की बजाय नया मशीन ही लग जाएगी


स्टेशन में लगे इस मशीन को बच्चों ने खिलौना बना दिया है। मंगलवार को एक बच्चा इसके लगेज प्लेट पर चढ़कर खेलने लगा, वही कुछ यात्री इसके नीचे आराम फरमते मिले। देखरेख के अभाव में मशीन पूरी तरह धूल से सराबोर हो गई। रेलवे प्रशासन और जीआरपी, आरपीएफ इसकी देखरेख करने वाले का जिम्मा है, लेकिन कोई भी देखभाल नहीं कर रहा है। इससे मशीन पूरी तरह खराब हो चुकी है।


अब नहीं सुधरेगी मशीन


स्थानीय रेलवे अफसरों का कहना है कि धूल खाने और देखरेख नहीं होने से ये मशीन खराब हो चुकी है। मशीन के साथ मेटल डिटेक्टर भी लगा, जोकि खराब पड़ी है। स्कैनर मशीन के बाद ठीक बगल में मेटल डिटेक्टर भी लगाने का प्रावधान है। जो भी यात्री अपना बैग मशीन में रखेगा, उसकी साथ ही चेकिंग भी हो जाती है।


220 ट्रेनें, 15 हजार यात्री रोज


इटारसी स्टेशन पर रोजाना 220 ट्रेनों से 15 हजार यात्री आते - जाते हैं। रेलवे ने 2018 में स्टेशन की सुरक्षा के लिए इस मशीन को लगाया था, जोकि एक साल भी नहीं चली। इसके बाद जो खराब हुई, तब से ऐसी ही स्थिति में हैं। रेलवे के अधिकारी कई बार आए। इस मशीन को देखी और सुधरवाने का आश्वासन देकर चले गए। वही रेलवे के पीआरओ सुबेदार सिंह ने कहा कि इटारसी समेत सभी स्टेशनों के लगेज स्कैनर मशीन बंद है। इसे पुन: चालू करने का प्रयास किया जा रहा है।