30 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अक्षय तृतीया से बजने लगेंगी शहनाईयां, उसके बाद साल के आखिरी दो महीनों में ही लग्न

अक्षय तृतीया से बजने लगेंगी शहनाईयां, उसके बाद साल के आखिरी दो महीनों में ही लग्न

2 min read
Google source verification
marriage astrology based on date of birth,Shubh Vivah,Shubh Vivah Muhurat 2020,shubh vivah muhurat 2019,shubh vivah muhurat december,shubh vivah muhurat december 2019,shubh muhurat,

marriage astrology based on date of birth,Shubh Vivah,Shubh Vivah Muhurat 2020,shubh vivah muhurat 2019,shubh vivah muhurat december,shubh vivah muhurat december 2019,shubh muhurat,

जबलपुर. मंगलकार्यों के लिए लाभकारी माने जाने वाले अक्षय तृतीया को चार ग्रहों के संयोग ने और खास बना दिया है। इससे पहले वर्ष 2003 में चार ग्रहों का संयोग बना था। अक्षय तृतीया पर तो शहर में जमकर शहनाईयां गूंजेगी ही, उसके बाद जून के महीने में भी शादी की धूम रहेगी। कलेंडर वर्ष के बचे हुए महीनों में जुलाई के पहले सप्ताह में मंगलकार्यों के लग्न है। उसके बाद तीन महीने का ब्रेक और नवंबर एवं दिसंबर माह में 12 मुहूर्त शादी के है। स्वयं सिद्ध मुहूर्त पर 7 मई को इस वर्ष चार ग्रहों का एक विशेष संयोग बन रहा है। करीब 16 साल बाद ऐसा मौका आया है जब सूर्य, चंद्र, शुक्र और राहू उच्च राशि में दृष्टिगोचर होंगे। बैशाख मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया को मनाई जाने वाली अक्षय तृतीया भी इसी दिन है।

इस वर्ष ये हैं विवाह मुहूर्त
मई - 2, 6, 7, 8, 12, 14, 15, 17, 19, 21, 23, 28, 29 व 30 मई
जून - 8, 9, 10, 12, 13, 14, 15, 16, 17, 18, 19, 25 और 26 जून
जुलाई - 6 एवं 7 जुलाई
नवंबर - 8, 9, 10, 14, 22, 23, 24, 30
दिसंबर - 5, 6, 11, 12

Read Also : पांच मई को नजर आ सकता है रमजान का चांद, 6 से शुरू होंगे रोजा

मई और जून में अधिक मुहूर्त
अप्रैल माह में गूंज रही शहनाईयों का सिलसिला मई और जून महीने में और बढऩे वाला है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार मई और जून में अब सबसे अधिक शादी के लग्न है। मई में 14 और जून में 13 दिन विवाह के लिए श्रेष्ठ बताई जा रही है। इसके अलावा जुलाई में भी मंगल कार्यों के लिए दो लग्न शुभ है। इसके बाद खरमास लग जाएंगे। तीन महीने तक मंगल कार्यों पर रोक रहेगी। नवंबर में शुभ कार्यों के लिए मुहूर्त के आठ और दिसंबर चार दिन है।

अबूझ मुहूर्त पर सबसे ज्यादा विवाह
अक्षय तृतीय पर शहर में सैकड़ों जोड़े विवाह के बंधन में बंधेंगे। ज्योतिषविद जनार्दन शुक्ला के अनुसार अक्षय तृतीय का दिन मंगल कार्यों के लिए श्रेष्ठ है। इसे अबूझ मुहूर्त भी कहा जाता है। इस दिन किए गए कार्य लाभकारी होते है।

Story Loader