सोमवार से शुरू होगा पूस का महीना, 20 से मांगलिक कार्यों पर लगेगा एक महीने का ब्रेक
जबलपुर। बैंड, बाजा, बारात का शोर अब थमने वाला है। 20 दिसम्बर को पूस का महीना शुरू होने के बाद एक महीने तक मांगलिक कार्य नहीं होंगे। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार पंचांग के आधार पर 13 दिसंबर को विवाह का अंतिम मुहूर्त है। कई ज्योतिष विदें का मत है कि 16 दिसम्बर को दोपहर 12.54 पर धनु राशि पर प्रवेश करेंगे। इसके बाद वैवाहिक आयोजन नहीं होंगे।
19 दिसम्बर को मार्गशीर्ष की पूर्णिमा है। इसके बाद पूस का महीना शुरू हो रहा है। पूस महीने के दौरान सूर्य धनु राशि में रहने के कारण कोई भी मांगलिक कार्य नहीं होते हैं। मसलन विवाह, उपनयन संस्कार, गृहप्रवेश, मुंडन नहीं होंगे। हालांकि पूजन-पाठ, यज्ञ अनुष्ठान जारी रहेंगे। पूस के माह के दौरान भगवान भुवन भास्कर सूर्य नारायण की आराधना शुभ फलदायी बताई गई है।
15 जनवरी से शुरू होंगे विवाह
मांगलिक कार्य 15 जनवरी से प्रारम्भ होंगे। पूस महीना 14 जनवरी को खत्म होगा। सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने के बाद 15 जनवरी से मांगलिक कार्य शुरू जाएंगे।
20 दिसम्बर से पूस का महीना लग जाएगाञ इसके साथ ही मांगलिक कार्य नहीं होंगे। 14 जनवरी को सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने के बाद फिर से शुभ कार्य शुरू हो सकें गे। पंचांग के आधार पर 13 दिसंबर को विवाह का अंतिम मुहूर्त है। कई ज्योतिष विदें का मत है की 16 दिसम्बर को दोपहर 12.54 पर धनु राशि पर प्रवेश करेंगे, इसके बाद वैवाहिक आयोजन नहीं होंगे।
- पं जनार्दन शुक्ला, ज्योतिषाचार्य