पत्नी वियोग में पति ने दी जान, दहेज प्रताडऩा में दुल्हन को भगाया
जबलपुर। प्रेम विवाह के महज पांच माह बाद एक नवविवाहिता ने फंदे पर लटककर जान दे दी। घटना पनागर थाना क्षेत्र की है। पनागर पुलिस ने शव का पीएम करवाते हुए जांच शुरू कर दी है। पनागर पुलिस ने बताया कि फूटाताल निवासी शशि ठाकुर के घर में उसकी बड़ी बहन का बेटा रोहित ठाकुर बचपन से रह रहा था। छह दिसंबर को रोहित ने आकांक्षा ठाकुर से प्रेम विवाह किया था। विवाह के बाद भी दोनों उसी के घर में रह रहे थे। रोजाना की तरह रोहित शुक्रवार सुबह काम पर चला गया। शशि चारा उखाडऩे बगल में चली गई, वहीं शशि की बेटी बाहर आंगन में लैपटॉप में काम कर रही थी। काफी देर तक जब आकांक्षा की सुगबुगाहट नहीं हुई, तो शशि परेशान हो गई। उसने देखा कि आकांक्षा का कमरा बंद था। उसने खिडक़ी से झांका, तो देखा कि आकांक्षा फंदे पर लटक रही थी। उसकी चीख सुनकर आसपास के लोग वहां पहुंचे। आकांक्षा को फंदे से उतारकर वे सीधे निजी अस्पताल ले गए, जहां से उसे मेडिकल रेफर कर दिया गया, लेकिन वहां परीक्षण उपरांत डॉक्टर्स ने आकांक्षा को मृत घोषित कर दिया। आकांंक्षा ने यह कदम क्यों उठाया, पुलिस इसकी जांच कर रही है।
इधर, दहेज के लिए पति करता था प्रताडि़त
दहेज के लिए नवविवाहित को परेशान करने वाले पति के खिलाफ सिहोरा पुलिस ने प्रकरण दर्ज किया। पुलिस ने शनिवार को बताया कि रत्ना पटेल का विवाह वर्ष 2018 में लमकना निवासी सोहनलाल पटेल से हुआ था। विवाह के बाद से ही सोहनलाल आए दिन रत्ना पर मायके से दहेज लाने का दबाव बनाने लगा। उससे मारपीट करता था। मांग पूरी नहीं हुई, तो पति ने उसे घर से भगा दिया, तब से वह मायके में रह रही है।
यहां पत्नी मायके गई, पति ने खा लिया जहर
युवक की पत्नी मायके गई। इस दौरान घर में पति ने जहरीला पदार्थ खा लिया। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। अधारताल पुलिस ने बताया कि पन्नी मोहल्ला निवासी मोनू चौधरी (27) पत्नी के साथ रहता था। उसकी पत्नी कुछ दिनों पूर्व मायके चली गई थी। घर पर मोनू अकेला था। न जाने क्या हुआ कि उसने शुक्रवार रात जहरीला पदार्थ खा लिया। आसपास के लोग उसे मेडिकल अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने शनिवार को शव का पीएम कराया।