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Padmanabha Dwadashi 2019: पद्मनाभ द्वादशी को करें भगवान अनंत पद्मनाभ की पूजा, जीवनभर लक्ष्मी जी घर पर रहेंगी

Padmanabha Dwadashi 2019: पद्मनाभ द्वादशी को करें भगवान अनंत पद्मनाभ की पूजा, जीवनभर लक्ष्मी जी घर पर रहेंगी : आज का पंचांग  

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भगवान विष्णु का दिन है गुरुवार, इन उपायों से प्रसन्न होते हैं प्रभु, जरूर करें ये गुप्त उपाय

जबलपुर। शुभ विक्रम संवत् : 2076, संवत्सर का नाम : परिधावी, शाके संवत् : 1941, हिजरी संवत् : 1441, मु.मास: सफर तारीख 10, अयन : दक्षिणायन, ऋतु : शरद, मास : आश्विन, पक्ष : शुक्ल,
तिथि - रात्रि 7.53 तक भद्रा तिथि द्वादशी उपरंात जया तिथि त्रयोदशी रहेगी। भद्रा तिथि द्वादशी में मंागलिक कार्य शुभ तथा कल्याणकारी माने जाते हैं। द्वादशी तिथि में सभी प्रकार के चर एवं स्थिर कार्य मंगलकारी माने जाते हैं, आभूषण निर्माण, श्रंगार, भूमि भवन से जुड़े कार्य तथा पौधरोपण जैसे कार्य शुभ मंगलकारी माने जाते हैं।
योग- रात्रि 4.44 तक गंड उपरंात वृद्धि योग रहेगा। दैनिक कार्य हेतु योग शुभ फलकारी रहेंगे।
विशिष्ट योग- पदमनाभ द्वादशी एवं गुरुवार का शुभ संयोग होने के कारण आज सभी मंगल कार्य हेतु दिन शुभ रहेगा।
करण- सूर्योदय काल से वव उपरंात वालव तदनंंतर कौलव करण का प्रवेश होगा। करण सामान्य है।

नक्षत्र- चरसंज्ञक अधोमुख नक्षत्र शतभिषा रात्रि 3.20 तक उपरंात पूर्वाभाद्रपद नक्षत्र रहेगा। शतभिषा नक्षत्र में प्रतिष्ठा, वास्तु, ग्रहशांति ग्रहप्रवेश, यात्रा, वाहन, उपनयन आदि कार्य अत्यंत शुभ तथा मंगलकारी माने जाते हैं, पूर्वाभाद्रपद नक्षत्र में यात्रा, कारीगरी, शिल्प विद्या जैसे कार्य मंगलकारी माने जाते हंै। उपहार एवं सम्मान हेतु भी शुभकारी रहेगा।
शुभ मुहूर्त - ंआज जलयंत्र निर्माण, प्रसूति स्नान सेवारंभ, शिल्प विद्यारंभ, अन्नप्रासन, क्रय विक्रय, शल्यकर्म तथा आवेदन पत्र लेखन जैसे कार्य शुभ तथा मंगलकारी रहेंगे।
श्रेष्ठ चौघडि़ए - आज प्रात: 6.00 से 7.30 शुभ दोपहर 10.30 से 3.00 चर, लाभ अमृत तथा रात्रि 6.00 से 9.00 चर तथा अमृत की चौघडिया शुभ तथा मंगलकारी है।
व्रतोत्सव- आज : पदमनाभ द्वादशी, का व्रत व्रतोत्सव पर्व रहेगा। भगवान श्री हरि नारायण का पूजन कल्याणकारी रहेगा।
चन्द्रमा : दिवस रात्रि पर्यंत तक शनि प्रधान राशि कुम्भ राशि में संचरण करेगा।

ग्रह राशि नक्षत्र परिवर्तन: सूर्य के कन्या राशि में गुरु वृश्चिक राशि में तथा शनि धनु राशि के साथ सभी ग्रह यथा राशि पर स्थित हैं, सूर्य का हस्त नक्षत्र में संचरण रहेगा।
दिशाशूल: आज का दिशाशूल दक्षिण दिशा में रहता है, इस दिशा की व्यापारिक यात्रा को यथा संभव टालना हितकर है। चन्द्रमा का वास दक्षिण दिशा में है, सन्मुख एवं दाहिना चन्द्रमा शुभ माना जाता है।
राहुकाल: दोपहर 1.30.00 बजे से 3.00.00 बजे तक। (शुभ कार्य के लिए वर्जित)
आज जन्म लेने वाले बच्चे - आज जन्मे बालकों का नामाक्षर गो,सा,सी अक्षर से आरंभ कर सकते हैं। शतभिषा नक्षत्र में जन्मे बालकों की राशि कुम्भ होगी। राशि स्वामी शनि तथा ताम्रपाद पाया में जन्म माना जाएगा। कुम्भ राशि के जातक प्राय: धैर्यवान गंभीर, उत्साही, गीत संगीत में विशेष रुचि रखने वाले, पढऩे लिखने में निपुण धार्मिक विचार वाले, भ्रमण मनोरंजन में रुचि तथा स्वतंत्र व्यवसाय के प्रति विशेष लगाव रखते हैं।