17 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

निजी अस्पतालों, नर्सिंग होम की होगी आकस्मिक जांच, जानें क्या है माजरा…

-केंद्र सरकार के दिशा निर्देश के तहत नगर निगम की पहल

less than 1 minute read
Google source verification
निजी अस्पताल (प्रतीकात्मक फोटो)

निजी अस्पताल (प्रतीकात्मक फोटो)

जबलपुर. केंद्र सरकार के दिशा निर्देश के बाद अब निजी अस्पतालों में अगलगी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए नगर निगम अभियान चलाएगा। नगर निगम को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस दौरान निगम ऐसे निजी अस्पतालों का आकस्मिक निरीक्षण करेगा और जिन अस्पतालों में अग्नि शमन के पर्याप्त इंतजाम नही हैं उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।

आयुक्त नगर निगम अनूप कुमार के अनुसार अस्पतालों में होने वाली अगलगी की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए गृह मंत्रालय ने गाइड लाइन जारी किया है। उस गाइड लाइन का पालन कराने के लिए कदम उठाए गए हैं। इसके तहत शहर के सभी अस्पतालों एवं नर्सिंग होम्स संचालकों को पत्र जारी कर उनसे अपेक्षित सूचनाएं मांगी गई हैं। इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि इन बिल्डिंगों में सुरक्षा के उचित उपाय किए जा रहे हैं या नहीं। यह जानकारी सभी निजी अस्पतालों व नर्सिंगहोम संचालकों को महीने भर में देनी होगी।

इस बीच फायर अधीक्षक कुसाग्र ठाकुर और उनकी टीम अस्पताल व नर्सिंग होम बिल्डिंग का निरीक्षण कर यहां के फायर सेफ्टी की जांच कर सभी संचालकों से रिपोर्ट लेगी। इस दौरान फायर ऑडिट रिपोर्ट, फायर एनओसी एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम के फोटोग्राफ, सर्टिफिकेट, निगम को देने को कहा गया है। संचालकों को एक माह के अंदर फायर एनओसी के लिए अग्निशमन विभाग, नगर पालिक निगम जबलपुर में हार्ड कॉपी जमा कर वेबसाइट पर आवेदन करना होगा। इसके बाद ही वे प्रक्रिया मैं शामिल होने के लिए पात्र माने जाएंगे। नगर निगम ने इस संबंध में पूरी रूपरेखा तैयार कर संबंधित अधिकारियों को दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं।