मूक बधिर लोगों की दुनिया केवल उनकी अपनी भाषा यानि साइन लैंग्वेज होती है। सोचिए अगर कोई एेसी फिल्म बने जिसमें सारे लोग प्रोड्यूसर, डायरेक्टर, आर्टिस्ट, स्पॉट बॉय सब डेफ ही हों, तो वह फिल्म कैसी होगी। एेसी फिल्म बनी है और जल्द ही आपको देखने भी मिलेगी। जिसमें शहर के डेफ आर्टिस्ट अंकित सेन भी शामिल है। महाकोशल बधिर संघ की5वीं वर्षगांठ पर यह फिल्म प्रदर्शित की जाएगी। फिल्म का विशेष प्रसारण मानस भवन में 10 अप्रैल को दोपहर 1:30 बजे किया जाएगा। फिल्म में मूक बधिरों की भाषा इंडियन साइन लैंग्वेज को प्रमोट करने का प्रयास किया गया है।