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विधानसभा-सचिवालय में नौकरी का झांसा देकर 70 लाख ठगे, 14 लोगों को ऐसे जाल में फंसाया, फर्जी आईएएस अरेस्ट

विधानसभा और सचिवालय में नौकरी लगाने का झांसा देकर 70 लाख रुपए की ठगी करने के मामले में जयपुर पुलिस ने उत्तर प्रदेश के आगरा से एक फर्जी आईएएस को गिरफ्तार किया है।

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जयपुर। विधानसभा और सचिवालय में नौकरी लगाने का झांसा देकर 70 लाख रुपए की ठगी करने के मामले में जयपुर पुलिस ने उत्तर प्रदेश के आगरा से एक फर्जी आईएएस को गिरफ्तार किया है। एडिशनल डीसीपी आलोक सिंघल ने बताया कि आरोपी दीपक जैन उर्फ आर.के. अग्रवाल (50) मूलत: आगरा का निवासी है और वर्तमान में साईधाम यमुना विहार में रह रहा था।

मुखबिर की सूचना पर मुरलीपुरा थाना पुलिस ने आगरा से आरोपी दीपक जैन को अरेस्ट किया। जिसे जयपुर लाया गया। जहां पर आरोपी से पूछताछ जारी है। पूछताछ में सामने आया है कि मास्टरमाइंड के कहने पर दीपक ने साल 2021 में सचिवालय के पास ठगी के लिए मीटिंग भी की थी। दीपक जैन के दो साथी सुनित शर्मा उर्फ अभिषेक और कमलकिशोर मीणा को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। इसके अलावा, मोंटू मीणा को पहले एसओजी द्वारा गिरफ्तार किया गया था।

विधानसभा का फर्जी कॉल लेटर भी दिया

परिवादी मानसिंह ने रिपोर्ट दर्ज करवाई कि उनका भाई प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा था। भाई का संपर्क अनिल कुमार मीणा से संपर्क हुआ। अनिल ने कमल किशोर मीणा उर्फ मोंटू मीणा और अभिषेक से संपर्क करवाया, जिन्होंने उन्हें बताया कि उनके बड़े लोगों से संपर्क है और वे विधानसभा व सचिवालय में वेकेंसी निकालने जा रहे हैं। इन आरोपियों ने 14 लोगों को नौकरी का झांसा दिया और बदले में 70 लाख रुपए ले लिए। उन्होंने विधानसभा का फर्जी कॉल लेटर भी जारी किया था। आरोपी दीपक जैन ने फर्जी आईएएस बनकर अभ्यर्थियों से विधानसभा के पास मिला और उन्हें नौकरी का आश्वासन दिया।

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फर्जी साक्षात्कार और वसूली

आरोपी अभिषेक और मोंटू ने बेरोजगारों को नौकरी देने के झांसे में फंसाया और फर्जी आईएएस और डॉक्टर को साक्षात्कार के लिए हायर किया। प्रत्येक अभ्यर्थी से 6 लाख रुपए वसूल किए गए थे।

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