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Aaj Ka Rashifal 25 August: जानिए आज क्या कहा है आपका भाग्य बता रहे हैं तीन ज्योतिषाचार्य

पढ़े तीन ज्‍योतिषियों से राशिफल स‍मेत फैमिली एस्‍ट्रो स्‍पेशल सिर्फ पत्रिका पर

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जयपुर

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Shipra Gupta

Aug 24, 2023

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आपके सवालों के जवाब फैमिली एस्ट्रो स्पेशल पर
ज्योतिषाचार्य: पं. मुकेश भारद्वाज के साथ

यहां पाएं चार तरह की एस्ट्रो विधाओं के टिप्स
1). अंकगणित
2). टैरो कार्ड
3). वैदिक ज्योतिष (सनसाइन-मूनसाइन)
4). वास्तु शास्‍त्र
यह कॉलम उन पाठकों के लिए है जो ज्योतिष शास्त्र के माध्यम से भविष्य के पूर्वानुमानों में भी रुचि रखते हैं। भविष्य के पूर्वानुमान लगाने की लगभग सभी लोकप्रिय विधाओं को समाहित कर इस क्षेत्र में रुचि रखने वाले पाठकों के लिए यह देश में एक नए तरह की पहल है। जिसमें पाठक ना केवल दिन से जुड़ी सम्भावनाओं की जानकारी लें सकेगें साथ ही भविष्य से जुड़े प्रश्न भेज पूर्वानुमान प्राप्त कर सकेगें।
इस कॉलम में अंकगणित टैरो कार्ड, सनसाइन, वैदिक ज्योतिष एवं मून साइन के अनुसार ग्रह नक्षत्र के समग्र प्रभाव का पूर्वानुमान और संभावना पर लगातार जानकारियों को साझा करेंगे।

ज्योतिषाचार्य: पं. मुकेश भारद्वाज

अंकगणित के अनुसार आज का मूलांक 7 और भाग्यांक 4 है। आज का दिन एक भावना प्रधान दिन हो सकता है। आज के दिन में कला सौंदर्य प्रेम और यात्रा के लिए अच्छी ऊर्जा उपलब्ध है। वही अगर सोच नकारात्मक हुई तो मानसिक शांति का अभाव भी रह सकता है। दूरगामी परिणामों को लेकर चिंतन करते हुए आध्यात्मिक या तकनीकी से जुड़े हुए कार्यों में गहन विचार विमर्श के लिए भी आज ऊर्जा उपलब्ध रहेगी। ऐसे सभी राजनीतिक या अधिकार प्राप्ति के लिए किए जाने वाले कूटनीतिक प्रयास जिन्हें पिछले दिनों करने में हिचकिचा रहे थे आज किए जा सकते हैं। उनके सकारात्मक परिणाम आने की अच्छी संभावना है मूलांक 2,3,4,5,7 और 9 वालों के लिए आज का दिन बेहतर हो सकता है।

टैरोकार्ड में आज का कार्ड द मैजिशियन के साथ नाइन ऑफ स्वार्डस है। कॉन्शियस अवेयरनेस और अपनी मानसिक दृढ़ता, दक्षता और क्षमता का सही उपयोग करते हुए अपने आसपास से मिल रही चुनौतियों और अवसरों का सही विश्लेषण करते हुए बेहतर निर्णय लेने होंगे। जहां कहीं भी रुकावटें आए वहां शांत मन से शीघ्र फैसला लेने होंगे। आज का दिन अनप्रिडिक्टेबल रहने की संभावना से भरा रहेगा। ऐसे में समस्याओं के समाधान निकालने में प्रेजेंस ऑफ माइंड का बेहतर उपयोग करना होगा।

वैदिक ज्योतिष (मूनसाइन—सनसाइन)

सनसाइन के अनुसार आज का दिन कार्य स्थल पर एक दूसरे की आलोचना करने और अपने कार्यों को गुप्त रूप से करते हुए दूसरों पर बढ़त बनाने के साथ कूटनीतिक रूप से उच्च अधिकारियों को प्रभावित करने और अपने लिए अधिक अधिकार मांगने से जुड़ा हुआ हो सकता है। ऐसे सभी कार्य जिस में थोड़ी चतुराई और गुप्त योजनाओं की आवश्यकता है उनके लिए आज का दिन बेहतर रह सकता है।

मूनसाइन के अनुसार आज का दिन भावनात्मक ऊर्जा लिए हुए हैं। इसका सकारात्मक उपयोग संबंधों को मजबूत करने और आनंद की स्थिति से ऊपर जाकर संबंधों में गहराई प्राप्त करने से जुदा हो सकता है। वहीं इसका नकारात्मक प्रयोग छोटी बातों को बड़े मुद्दों के रूप में प्रकट करते हुए तनावपूर्ण स्थिति को भी जन्म दे सकता है। बहुत सावधानी से वार्तालाप में शब्दों का चयन करने की आवश्यकता रहेगी।

कैसा रहेगा साप्ताहिक नौकरीपेशा राशिफल


नौकरी पेशा लोगों के लिए आने वाला सप्ताह थोड़ा तनाव बुरा और चुनौती भरा हो सकता है। जिन लोगों के लक्ष्य पूरे नहीं हो रहे हैं उन्हें जॉब परिवर्तन करना पड़ सकता है। सप्ताह के आरंभ में कार्यस्थल पर सहयोग न मिलने के कारण तनावपूर्ण स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। सप्ताह का मध्य भाग अस्थाई जॉब्स में परिवर्तन की स्थिति को भी दर्शाता है। सप्ताह का अंत अच्छे समाचारों से होने के कारण स्थिति थोड़ी नियंत्रण में दिखाई देगी लेकिन खर्च कम करने की आवश्यकता रहेगी।


आपका सवाल

प्रश्न: गायत्री मंत्र के वैज्ञानिक दृष्टिकोण से क्या लाभ हैं?

उत्तर: गायत्री मंत्र को भारतीय सनातन संस्कृति में बहुत उच्च स्थान प्राप्त है। इस मंत्र की ऊर्जा इसके शब्दों में निहित है। मंत्र को बोलते समय जीभ, तालू, होंठ, स्वर तंत्रिकायें और श्वास तंत्रिका का स्पन्दन एक लाख से भी अधिक विभिन्न प्रकार की तरंगे उत्पन्न करता है। इससे हमारे मन मस्तिष्क पर उच्च स्तरीय प्रभाव पड़ता है। गायत्री मंत्र को उच्चरित करने का सही समय सूर्योदय से पूर्व है। प्रतिदिन गायत्री मंत्रोच्चारण से एकाग्रता के साथ नियंत्रित व्यवहार, बुद्धि कौशल का श्रेष्ठ उपयोग धीरे — धीरे बढ़ता चला जाता है। इससे तनाव में कमी और मन की प्रसन्नता बढ़ती चली जाती है। जिन्हें किसी भी प्रकार के मानसिक रोग एकाग्रता की समस्या, साहस और निर्णय लेने की समस्या, अपने कार्यों की श्रेष्ठत क्षमता होने के बावजूद सफलता न मिलने की समस्या के लिए गायत्री मंत्र बहुत कारगर उपाय सिद्ध होता है। यह हमारे श्वसन तंत्र को तो बेहतर बनाता है। बल्कि रोग प्रतिरोधक क्षमता को विकसित करने में भी मददगार पाया गया है।

ज्यों पं चंदन श्यामनारायण व्यास पंचांगकर्ता


मेष- अव्यवस्थित दिनचर्या के कारण स्वास्थ सम्बंधित समस्या आ सकती है। व्यापार व्यवसाय में साझेदारी लाभदायक रहेगी। संतान की ग़लतियों को अनदेखा न करें, समय पर निर्णय लें।

वृषभ- पारिवारिक समस्या का अंत होगा। समय रहते ज़मीन जायदाद से सम्बंधित कार्य कर लें। भाइयों के व्यवहार से मन दुखी होगा। किसी बुद्धिजीवी व्यक्ति का मार्गदर्शन आगे बढ़ने में सहायक होगा।


मिथुन- आजीविका के लिए यात्रा करनी पड़ेगी। न चाहते हुए भी लोगों के लिए काम करना होगा। रुका धन मिलने से आर्थिक परेशानी से राहत मिलेगी। नौकरी में तबादले के योग है।

कर्क- कम बोलें, अच्छा बोलें। आपकी कार्य करने की पद्दती को बदलें। सकारात्मक सोच रखें। जीवनसाथी के स्वास्थय का ध्यान रखें। पढ़ाई लिखाई में मन कम लगेगा। आलस के कारण काम विलंभ से पूरे होंगे।

सिंह- समय पर काम करना सीखें। राजनीति से जुड़े लोगों के लिए समय उपयुक्त है। दूसरों की देखादेखी करने से बचे स्वयं को परिपक्व करें मांगलिक आयोजनों में शामिल होंगे।

कन्या- समय पर काम होने से मन प्रसन्न रहेगा। मित्रों के साथ व्यवसायिक सम्बंध बनाने में विचार करें। प्रेम प्रसंग के चलते समझदारी से निर्णय लें। पेट से सम्बंधित पीड़ा सम्भव है। आलस हावी रहेगा।

तुला- व्यवसाय में निर्णय लेने में देरी न करें। संतान के स्वास्थय में सुधार होगा। घर परिवार में मांगलिक आयोजनों में समय बीतेगा। यात्रासुखद रहेगी। न्याय पक्ष मजबूत रहेगा।

वृश्चिक- झूठ बोलने से बचे ज़मीन जायदाद के मामलों में आप लापरवाही कर रहे हैं। वाहन पर भारी खर्च हो सकता है। नैकरी में चल रहा तनाव ख़त्म होगा। आलस त्यागे और समझदारी से कार्य करें।

धनु- समय उपयुक्त है। पारिवारिक समस्या का समाधान आपसी समझ से सम्भव है। व्यापार में आर्थिक लाभ होगा। संतान की उन्नति से प्रसन्न होंगे। विवादों से बचें।

मकर- अपनों से सर्तक रहें। मित्रों के साथ यात्रा होगी। लम्बे समय से आप जो करना चाहते थे। उसकी रूपरेखा आज बन सकती है। व्यापार में उन्नति होगी।

कुम्भ- परिवार में सब को समान स्नेह दें। भेद भाव न करें, सही का साथ दें। आप के व्यवहार से संतान नाराज होंगी। मकान दुकान से सम्बंधित कार्य आज पूरे होंगे। क़र्ज की व्यवस्था होने से कार्य आसानी से होंगे।

मीन- समय रह्ते अपने रुके कार्यों को करें। आपसी मतभेद समाप्त होंगे। नौकरों के भरोसे काम न करें। नुक़सान होगा। संतान की गतिविधियों पर ध्यान दें। मन पसंद भोजन की प्राप्ति आज सम्भव है।

ग्रह-नक्षत्र ज्योतिर्विद: पं. घनश्यामलाल स्वर्णकार

शुभ वि. सं: 2080
संवत्सर का नाम: पिङ्गल
शाके सम्वत: 1945
हिजरी सम्वत : 1445
मु. मास: सफर- 07
अयन: दक्षिणायण
ऋ तु: शरद्
मास: द्वि.श्रावण (शुद्ध)
पक्ष: शुक्ल

शुभ मुहूर्त: उपर्युक्त शुभाशुभ समय, तिथि, वार, नक्षत्र व योगानुसार आज विवाह का अतिआवश्यकता में अनुराधा नक्षत्र में (वैधृति दोष युक्त) मुहूर्त है। नवमी रिक्ता संज्ञक तिथि अद्र्धरात्र्योत्तर 02-03 बजे तक, तदन्तर दशमी पूर्णा संज्ञक शुभ तिथि है। नवमी तिथि में विग्रह, कलह, जुआ, मद्य निर्माण, शिकार, अग्नि विषादिक व शस्त्र सम्बन्धी कार्य सिद्ध होते हैं। शुभ व मांगलिक कार्यादि वर्जित है। यदि किसी शुभकार्यारम्भ समय के लग्न में केन्द्र या त्रिकोण स्थान में कोई शुभग्रह स्थित हो तो रिक्ता तिथि का दोष परिहृत हो जाता है।

श्रेष्ठ चौघडिय़ा: आज सूर्योदय से पूर्वाह्न 10-53 बजे तक क्रमश: चर, लाभ व अमृत, दोपहर 12-29 बजे से दोपहर बाद 02-05 बजे तक शुभ तथा सायं 05-16 बजे से सूर्यास्त तक चर के श्रेष्ठ चौघडि़ए हैं एवं दोपहर 12-03 बजे से दोपहर 12-54 बजे तक अभिजित नामक श्रेष्ठ मुहूर्त हैं, जो आवश्यक शुभकार्यारम्भ के लिए अत्युत्तम हैं।

दिशाशूल: शुक्रवार को पश्चिम दिशा की यात्रा में दिशाशूल रहता है। चंद्र स्थिति के अनुसार आज उत्तर दिशा की यात्रा लाभदायक व शुभप्रद है।

राहुकाल: प्रात: 10-30 बजे से दोपहर 12-00 बजे तक राहुकाल वेला में शुभकार्यारम्भ यथासंभव वर्जित रखना हितकर है।

चंद्रमा: चंद्रमा सम्पूर्ण दिवारात्रि वृश्चिक राशि में है।

नक्षत्र: अनुराधा ‘‘मृदु व तिङर््यंमुख’’ संज्ञक नक्षत्र प्रात: 09-14 बजे तक, तदन्तर ज्येष्ठा ‘‘तीक्ष्ण व तिङर््यंमुख’’ संज्ञक नक्षत्र है। अनुराधा नक्षत्र में विवाह, जनेऊ, यात्रा, सवारी, वस्त्र, अलंकार व घर सम्बन्धी कार्य शुभ कहे गए है। ज्येष्ठा गण्डान्त मूल संज्ञक नक्षत्र भी है।

योग: वैधृति नामक नैसर्गिक अत्यन्त दुद्धर्ष बाधा कारक योग सायं 06-50 बजे तक, तदन्तर विष्कुम्भ नामक नैसर्गिक अशुभ योग है।

विशिष्ट योग: रवियोग नामक दोष समूह नाशक शक्तिशाली शुभ योग प्रात: 09-14 बजे से तथा सर्वार्थसिद्धि नामक शुभ योग प्रात: 09-14 बजे तक है।

करण : बालव नाम करण दोपहर बाद 02-37 बजे तक, तदुपरान्त कौलव व तैतिल आदि करण क्रमश: हैं। व्रतोत्सव: आज श्री हरि जयन्ती, वरद् लक्ष्मी व्रत, जीवंतिका पूजन, वैधृति पुण्यं तथा गण्डमूल प्रारम्भ प्रात: 09-14 बजे से।

आज जन्म लेने वाले बच्चे: आज जन्म लेने वाले बच्चों के नाम (ने, नो, या, यी, यू) आदि अक्षरों पर रखे जा सकते हैं। इनकी जन्म राशि वृश्चिक है। वृश्चिक राशि के स्वामी मंगल हैं। इनका जन्म ताम्रपाद से है।