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टिंडर मर्डर केस: बेटे दुष्यंत की रूह को मिला सुकून, पिता के छलके आंसू

नवंबर 23, 2023 में जिला एवं सेशन कोर्ट के न्यायाधीश अजीत कुमार ने तीनों आरोपियों को टिंडर मर्डर केस के नाम से चर्चित हत्याकांड में दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई।

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जयपुर

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Nupur Sharma

Dec 09, 2023

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Jaipur Tinder Murder Case: बीमारी के चलते सबसे बड़े बेटे हिमांशू की एक साल की उम्र में मौत हो गई, नम आंखों से झोटवाड़ा निवासी रामेश्वर शर्मा बताते हैं कि समय बीतने के साथ परिवार संभल रहा थे। कुछ साल बीते थे कि वर्ष 2012 में घर वापस आने की कह कर निकले 20 वर्षीय छोटे बेटे पीयूष की सड़क हादसे में मौत हो गई। भरे गले से रामेशवर बताते हैं कि दो बेटे खोने से हमारा जीवन बिखर गया, हम लोगों की दुनिया बेटे दुष्यंत तक सिमट गई थी। उसे इंजीनियरिंग की पढ़ाई करवाई और वह प्राईवेट कंपनी में नौकरी करने लगा। एक दिन उसका भी काल आया कि कंपनी की गाड़ी खनन विभाग ने पकड़ ली है, गाडी छुडवा कर आता हूं। अगले दिन काल आया तो वह डरा हुआ था। उसने बोला दस लाख रुपए दे दो, नहीं तो मुझे जान से मार देंगे। खाते में तीन लाख रुपए डाल दिए। उसके बावजूद पुलिस को आमेर में अटैची में बेटे का शव मिला। इस तरह तीन बेटों की मौत हो गई। उनकी आंखों से आंसू गिरने लगते हैं।

पुलिस ने तीन आरोपियों प्रिया सेठ (31), दीक्षांत कामरा, और लक्ष्य वालिया (27) को गिरफ्तार कर लिया। नवंबर 23, 2023 में जिला एवं सेशन कोर्ट के न्यायाधीश अजीत कुमार ने तीनों आरोपियों को टिंडर मर्डर केस के नाम से चर्चित हत्याकांड में दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। रामेश्वर बताते हैं कि बेटे की हत्या को पांच साल बीत गए, लेकिन दर्द आज भी ताजा है। वह बताते हैं केस की सुनवाई की हर तारीख में कोर्ट जरूर जाता था। डर के मारे कोर्ट रूम में नहीं जाता था। कोर्ट परिसर में किसी कोने में बैठ जाता था। लेकिन, न्यायालय के निर्णय से खुश हूं। टिंडर क्या है यह नहीं जानता, लेकिन परिवार की खुशियां चली गई।

तत्कालीन झोटवाड़ा पुलिस निरीक्षक गुरू भूपेंद्र सिंह बताते हैं कि दुष्यंत शर्मा शादीशुदा और उसके एक बेटा था। लेकिन, टिंडर एप पर खुद की दिल्ली के व्यवसायी के नाम से फर्जी प्रोफाइल बना रखी थी। वह आरोपी प्रिया सेठी से टिंडर पर मिला। इस दौरान प्रिया सेठी दीक्षांत नाम के युवक के साथ लिव इन रिलेशन शिप में रहती थी। जिससे वह डेटिंग एप पर मिली थी। दीक्षांत 21 लाख रुपए के कर्जे से लदा हुआ था। कर्जा चुकाने के लिए अपहरण कर फिरौती मांगने की साजिश रची।

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वर्तमान माणक चौक एसएचओ गुरू भूपेंद्र सिंह बताते हैं कि प्रिया सेठ, दीक्षांत, और लक्ष्य ने मिलकर अपहरण कर लिया। अपहरण करने के बाद उन्हें मालूम चला कि दुष्यंत कोई रईस व्यापारी नहीं है। जिसके बाद उसकी हत्या कर दी गई। प्रिया सेठी के खिलाफ हत्या के अलावा, ब्लैकमेलिंग, अनैतिक दुर्व्यापार निवारण अधिनियम और एटीएम काट कर लूटने के मामले दर्ज हैं।


रामेश्वर शर्मा (64) सेवानिवृत्त होने के बाद घर कॉनफेड में एक्सटेंशन पर अकाउंटेंट के रूप में कार्यरत है। तीनों बेटों के जाने के बाद वह पोते कान्हा में बेटे दुष्यंत को तलाशते हैं। सबसे ज्यादा समय कार्यालय और पोते के साथ ही गुजारना पसंद करते हैं। वहीं दुष्यंत की पत्नी विनीता त्रिवेदी की तारीफ करते वह नहीं थकते। वह बताते हैं की हाल ही में वह अपने पैरों पर खड़ी हो गई और रीट की परीक्षा उत्तीर्ण कर थर्ड ग्रेड टीचर बन गई है।