जयपुर. के रल अपने मौसम, अपने कल्चर और अपनी खूबसूरती के बूते पर पर्यटकों को खींच रहा है। यहां २०१७ में डोमेस्टिक टूरिस्ट की संख्या में ११.३९ प्रतिशत अैर फॉरेन टूरिस्ट की संख्या में ५.१५ प्रतिशत बढ़ोतरी हुई है। यह कहना है केरल टूरिज्म डिपार्टमेंट के टूरिस्ट इंफॉर्मेशन ऑफिसर बीजू का। बीजू शुक्रवार को राजापार्क स्थित एक होटल में आयोजित केरल टूरिज्म पार्टनशिप मीट के दौरान मीडिया को संबोधित कर रहे थे, उन्होंने कहा कि राज्य में १२.८६ प्रतिशत रेवैन्यू टूरिज्म सेक्टर से होता है। वहीं राजस्थान से के रल जाने वाले टूरिस्ट की संख्या बड़ी है, जो ४० प्रतिशत से ज्यादा है। हम केरल को हनीमून प्लेस के तौर पर डपवल कर रहे हैं। साथ ही ओणम और म्यूजिक फे स्ट, जैसे कई इवेंट्स हैं, जो इंडिया ही नहीं, बल्कि दूसरे देशों के लोगों भी अट्रैक्ट करते हैं। उन्होंने कहा कि बाढ़ के तुरंत बाद केरल में टूरिज्म इंडस्ट्री को रिकवर किया गया, जिससे ज्यादा नुकसान नहीं हुआ।
चार इंटरनेशनल एयरपोर्ट
बीजू ने बताया कि कन्नूर इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन के साथ केरल भारत का एकमात्र ऐसा राज्य बन गया है, जहां चार अंतराष्ट्रीय एयरपोर्ट हैं। इसके उद्घाटन के बाद अब दुनिया मालाबार के आकर्षण देख सकती है। केरल पर्यटन उत्तरी केरल के बेकल और वायानाड प्लेसेज में पर्यटकों की संख्या में इजाफा होगा। साथ ही वलियपारम्बा बैकवाटर्स, कुप्पम और रानीपुरम प्लेसेज को प्रमोट किया जाएगा। इस दौरान केरल के निशागंधी डांस फे स्टिवल, कोच्चि मुजिरिस बिएन्नाले और मानसून फेस्टिवल के बारे में भी बताया। साथ ही जटायु अर्थ सेंटर की जानकारी दी।
कथकली की रोमांचक प्रस्तुति
मीट में केरल के लोक कलाकारों ने शानदार प्रस्तुतियां दी। इस दौरान कथकली नृत्य का रोमांच छाया। आर्टिस्ट्स ने प्रॉपर ट्रेडिशनल आउटफिट्स और मेकअप के साथ मंच पर केरल के रंग बिखेरे। कथकली नृत्य के दौरान रोद्र, भय, मेडिटेशन और फूलों के खिलने की अभिव्यक्तिओं को हाव-भाव के जरिए प्रस्तुत किया गया। इसके अलावा ट्रेडिशनल लोक संगीत और मार्शल आट्र्स की परफॉर्मेंस भी देखने को मिली।