
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम में मेवात में बड़े भ्रष्टाचार का खुलासा हुआ है। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टीम ने मंगलवार को जिले की पहाड़ी पंचायत समिति में ग्राम विकास अधिकारी आशिक खान व दलाल रामखिलाड़ी प्रजापत को तीन हजार रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। दलाल पंचायत समिति कार्यालय के पास स्थित चाय की थड़ी लगाता है। आशंका है कि वह कुछ अन्य अधिकारियों के लिए भी दलाली का काम करता था। रिश्वत की रकम पीड़ित उसे ही देकर जाते थे। रिश्वतखोर ग्राम विकास अधिकारी को एसीबी की कार्रवाई का डर था, इसलिए उसने रिश्वत की रकम भी चाय विक्रेता को दिलाई थी। इसके एवज में चाय विक्रेता को कुछ प्रतिशत कमीशन भी देता था। ग्राम विकास अधिकारी चार हजार की रिश्वत पूर्व में ही ले चुका था। कुल सात हजार रुपए देना तय हुआ था।
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ऐसे पकड़ा गया:
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के महानिदेशक (अतिरिक्त चार्ज) हेमंत प्रियदर्शी ने बताया कि एसीबी की भरतपुर इकाई को परिवादी की ओर से शिकायत दी गई कि मनरेगा का जॉब कार्ड बनवाने एवं ऑनलाइन करने की एवज में आशिक खान कनिष्ठ सहायक पंचायत समिति पहाड़ी अतिरिक्त चार्ज ग्राम विकास अधिकारी, ग्राम पंचायत भौरी पंचायत समिति पहाड़ी की ओर से तीन हजार रुपए की रिश्वत मांग कर परेशान किया जा रहा है। इस पर एसीबी भरतपुर के उप महानिरीक्षक पुलिस कालूराम रावत के निर्देशन में एसीबी की भरतपुर इकाई के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महेश मीणा ने शिकायत का सत्यापन कराकर मय टीम ट्रेप कार्यवाही करते हुए आशिक खान पुत्र शेर खान निवासी ग्राम गादली, पुलिस थाना पहाड़ी हाल कनिष्ठ सहायक पंचायत समिति पहाड़ी एवं अतिरिक्त चार्ज ग्राम विकास अधिकारी ग्राम पंचायत भौरी पंचायत समिति पहाड़ी को उसके दलाल रामखिलाड़ी प्रजापत निवासी गुर्जर मोहल्ला पहाड़ी के माध्यम से परिवादी से तीन हजार रुपए की रिश्वत राशि लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है।
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Published on:
18 Jan 2023 11:08 am
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