बागोर-चित्तौडग़ढ़ में जनसभा में गहलोत का राज्य सरकार पर निशाना
भीलवाड़ा/चित्तौडग़ढ़। कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव व पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे और उनकी सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने माण्डल क्षेत्र के बागोर एवं चित्तौडग़ढ़ में पार्टी प्रत्याशियों के समर्थन में चुनावी सभा में राजे राज में कानून-व्यवस्था बिगडऩे का आरोप जड़ा। पीएम नरेंद्र मोदी को भी निशाने पर लिया और कांग्रेस सरकार आने पर सबका मान सम्मान लौटाने की बात कही।
बागोर में गहलोत बोले, वसुंधरा पूरे पांच साल हवा में रही। केवल हवाई दौरे किए। पांच सितारा होटल या महलों में ठहरी। सर्किट हाउस में नहीं रूकी, क्योंकि जनता से मिलना पड़ता। उन्होंने आरोप लगाया, प्रदेश में पांच साल में बजरी माफि या पनपे हैं। शराब व भूमाफि याओं की तादाद बढ़ी है। ऊपर से नीचे तक मिलीभगत से काम हुआ। खमियाजा आमजन भुगत रहा है। इस राज में कांग्रेस शासन की कई योजनाएं बंद कर दी गई। हमारे खोले 18 हजार स्कूल बंद कर दिए। सरकार अब काले झण्डों से भी डरने लगी है।
राजे का खुद की पार्टी में ही विरोध
चित्तौडग़ढ़। गोरा-बादल स्टेडियम में सभा में गहलोत ने आरोप लगाया कि राजे का खुद की पार्टी में विरोध है। लोकतंत्र में जनता के सामने झुकना पड़ता है, लेकिन राजे ने पांच साल जनता की नहीं सुनी, इसलिए अब भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के सामने झुकना पड़ रहा है। भले ही राजे ने हमारी योजनाएं बंद कर दी, लेकिन प्रदेश में कांग्रेस सरकार आएगी तो भाजपा की योजनाएं बंद नहीं करेगी। गहलोत की चित्तौड़ सभा में भाजपा की प्रदेश उपाध्यक्ष भगवती देवी झाला ने कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की।
चुनाव में ही याद आता है राम मंदिर
उदयपुर। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि राजस्थान में जनता ने पिछली बार भाजपा को १६३ सीटों के साथ भारी बहुमत दिया, लेकिन इस सरकार ने उसे पूर्ण रूप से निराश किया है। करोड़ों रुपए खर्च कर देश-विदेश से बड़े उद्यमियों को बुलाया लेकिन कोई निवेश नहीं आया। गहलोत ने कहा कि चुनाव में ही भाजपा को राम मंदिर याद आता है, लेकिन जनता अब समझ गई है। ४० वर्ष पहले गाय माता के नाम से आंदोलन किया। अब राम का मुद्दा पकड़ रखा है।