
जयपुर। प्रदेश में लोकसभा, विधानसभा चुनाव आचार संहिता लगने के बाद नगरीय विकास मंत्री श्रीचंद कृपलानी की ओर से प्रेसवार्ता कर प्रदेश में पट्टे वितरण को लेकर अभियान चलाए जाने और इस दौरान अजमेर लोकसभा क्षेत्र से जुड़े दो विधायकों के मौजूद रहने की शिकायत प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से भारत निर्वाचन आयोग व निर्वाचन विभाग को की थी। इस शिकायत पर आयोग ने निर्वाचन विभाग को कार्रवाई करने को कहा था। इस पर विभाग की ओर से नगरीय विकास विभाग से जबाव मांगा गया था।
नगरीय विकास विभाग के अधिकारियों के मुताबिक निर्वाचन विभाग को भेजे गए जबाव में कहा गया है कि प्रेसवार्ता में कोई नई घोषणा नहीं की गई। यह पहले से प्रस्तावित थी। इसी प्रकार निर्वाचन क्षेत्र से जुड़े विधायकों की मौजूदगी में घोषणा को लेकर कहा गया है कि दोनों विधायक मंत्री की प्रेसवार्ता के बाद उनसे मिलने के लिए आए थे। सूत्रों के मुताबिक नगरीय विकास विभाग से मिली इस शिकायत का निर्वाचन विभाग अध्ययन करा रहा है। इसके बाद भारत निर्वाचन आयोग को रिपोर्ट भेजी जाएगी। बताया जा रहा है कि इस मामले में आगे की कार्रवाई आयोग के निर्देश पर होगी।
चार आईएएस को उपचुनाव की मॉनिटरिंग की दी जिम्मेदारी
राज्य में हो रहे लोकसभा, विधानसभा उप चुनाव के लिए भारत निर्वाचन आयोग ने चार भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) को पर्यवेक्षक नियुक्त किया है। सभी पर्यवेक्षक 10 जनवरी से पहले क्षेत्रों में दौरे करना शुरू कर देंगे। जानकारी के मुताबिक आईएएस किरन गुराला को माण्डलगढ़ विधानसभा, एम. ए. कढ़वा को अजमेर लोकसभा और अलवर के शहर, ग्रामीण, रामगढ़ और राजगढ़-लक्ष्मणगढ़ विधानसभा क्षेत्रों में एस. चौकलिंगम को तथा अलवर लोकसभा क्षेत्र के ही तिजारा, किशनगढ़वास, मुण्डावर और बहरोड में के. नन्थकुमार को लगाया गया है। निर्वाचन विभाग ने संबंधित जिलों के कलक्टर को पर्यवेक्षक के दौरे की व्यवस्था करने के लिए कहा है।
Published on:
04 Jan 2018 11:22 pm
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