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राजस्थान में खाद्य सुरक्षा योजना: नए 3.39 लाख पात्र लाभार्थियों को मार्च से मिलेगा गेहूं

खाद्य मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने दी विधान सभा में जानकारी

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जयपुर.
विधानसभा में सोमवार को खाद्य सुरक्षा योजना में जोड़े गए 3.39 लाख नए लाभार्थियों को गेहूं देने का मामला विधायक बलवाल पूनिया समेत कई विधायकों ने उठाया। इस पर खाद्य मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने विधानसभा में आश्वस्त किया कि योजना में जुड़े पात्र लाभार्थियों को मार्च से गेहूं वितरण किया जाएगा। खाचरियावास ने बताया कि नाम जोड़ने के लिए 19.57 लाख से ज्यादा आवेदन मिले। इनमें से 3.49 लाख से ज्यादा आवेदन स्वीकृत कर दिए गए हैं। सत्यापन के लिए 10 लाख 12 हजार 269 से अधिक आवेदन लंबित हैं।
विधायक पूनिया के मूल प्रश्न के लिखित जवाब में खाद्य मंत्री ने बताया कि खाद्य सुरक्षा योजनान्तर्गत चयन किए गए लाभार्थियों हेतु गेहूं का आंवटन निर्धारित गेहूं आंवटन प्रक्रिया के अनुसार होगा।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सी.पी.जोशी द्वारा हस्तक्षेप करते हुए खाते अलग नहीं होने के कारण किसानों को योजना का लाभ नहीं मिलने के मुद्दे पर खाद्य मंत्री ने आश्वस्त किया कि संयुक्त खातेदारी जमीन के मामलों में किसी भी किसान को खाद्य सुरक्षा योजना का लाभ देने में परेशानी नहीं आने दी जायेगी।

इससे पहले विधायक बलवान पूनिया के मूल प्रश्न के लिखित जवाब में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री ने बताया कि खाद्य सुरक्षा योजनान्तर्गत चयन किये गये लाभार्थियों हेतु खाद्यान्न का आंवटन पूर्वानुसार निर्धारित खाद्यान्न आंवटन प्रक्रिया अनुसार अग्रिम माह का आंवटन किये जाने के कारण उत्तरोत्तर माह से देय होगा। उन्होंने बताया कि विधानसभा क्षेत्र भादरा में खाद्य सुरक्षा योजना के 6 हजार 296 आवेदन लम्बित हैं, जिनके शीघ्र निस्तारण की कार्यवाही की जा रही हैं।

उन्होंने बताया कि राज्य सरकार खाद्य सुरक्षा में संयुक्त खातेदारी जमीन की रिपोर्ट के बजाय हिस्से में आने वाली भूमि की सूचना को वैध मानकर खाद्य सुरक्षा में नाम जोड़ने का विचार रखती है। उन्होंने इस सम्बन्ध में 03 सितम्बर, 2013 के विभागीय पत्र की प्रति भी सदन की मेज पर रखी।