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Big News : RSMSSB भर्ती में फर्जीवाड़ा, 300 पीटीआई की नौकरी पर संकट

RSMSSB Fraud: राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की पीटीआई भर्ती 2022 में फर्जीवाड़़े का खुलासा हुआ है। फर्जी डिग्री लगाकर भर्ती में शामिल हुए करीब 300 अभ्यर्थियों को चयन बोर्ड चिन्हित किया है। इन अभ्यर्थियों ने राजस्थान, यूपी, मध्यप्रदेश सहित अन्य बाहरी राज्यों के विश्वविद्यालयों से लेनदेन कर फर्जी डिग्रियां बनवा ली और भर्ती में शामिल हो गए।

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RSMSSB Fraud

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RSMSSB Fraud : राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की पीटीआई भर्ती 2022 में फर्जीवाड़़े का खुलासा हुआ है। फर्जी डिग्री लगाकर भर्ती में शामिल हुए करीब 300 अभ्यर्थियों को चयन बोर्ड चिन्हित किया है। इन अभ्यर्थियों ने राजस्थान, यूपी, मध्यप्रदेश सहित अन्य बाहरी राज्यों के विश्वविद्यालयों से लेनदेन कर फर्जी डिग्रियां बनवा ली और भर्ती में शामिल हो गए। बोर्ड ने आधा दर्जन विश्वविद्यालयों की सूची भी तैयार की है। बोर्ड इस महीने पीटीआई भर्ती का परिणाम करेगा, लेकिन इन अभ्यर्थियों का परिणाम रोका जाएगा। इनकी सूची शिक्षा विभाग को भी दी जा रही है। दोषी अभ्यर्थियों को डिबार भी किया जाएगा।

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ये दो आधार, जिनसे पकड़ा फर्जीवाड़ा
1 जांच में सामने आया कि 300 अधिक अभ्यर्थियों ने आवेदन के समय जो डिग्रियों की जानकारी दी, वे दस्तावेज वैरिफिकेशन के दौरान अलग थी। विश्वविद्यालयों में कुछ अभ्यर्थियों का फिजिकली रिकॉर्ड ही नहीं है।

2 खुलासा हुआ कि एक ही अभ्यर्थी ने बोर्ड की कई परीक्षाओं में आवेदन किया है। इन्होंने अलग-अलग डिग्रियां लगाई। सवाल है कि इतनी डिग्रियां कहां से आईं।

सर्वाधिक शिकोहाबाद की यूनिवर्सिटी की डिग्री मिली

बोर्ड अधिकारियों के अनुसार सर्वाधिक संदिग्ध डिग्री आगरा के पास शिकोहाबाद जेएस यूनिवर्सिटी की मिली है। चूरू की ओपीेजेएस, अलवर की सनराइज यूनिवर्सिटी की डिग्री भी संदिग्ध पाई गई है। झुंझुनूं और एमपी के कुछ विश्वविद्यालयों के डिग्रियों की जांच की जा रही है।

पत्रिका की खबर पर मुहर
राजस्थान पत्रिका ने पीटीआई भर्ती में फर्जी डिग्री लगाकर अभ्यर्थियों के शामिल होने का खुलासा किया था। इतना ही नहीं, यह भी बताया कि सैकंड ग्रेड पेपर लीक के आरोपी भूपेण्द्र सारण से सांठ-गांठ कर इन अभ्यर्थियों ने फर्जी डिग्री बनवाई हैं।

टॉपिक एक्सपर्ट
परिणाम रोकेंगे, डिबार की भी तैयारी
300 से अधिक अभ्यर्थियों ने कुछ विश्वविद्यालयों से सांठ-गांठ कर फर्जी डिग्रियां बनवा ली और भर्ती में आ गए। इनका परिणाम रोका जाएगा। भर्तियों में लगातार फर्जी डिग्री के मामले बढ़ रहे हैं। विश्वविद्यालयों पर शिकंजा जरूरी है।
हरिप्रसाद शर्मा, चेयरमैन, चयन बोर्ड