
पत्रिका फाइल फोटो
Rajasthan News: राजस्थान के उच्च शिक्षा क्षेत्र में दीपावली से पहले एक बड़ा तोहफा मिला है। राज्यपाल एवं कुलाधिपति हरिभाऊ बागडे ने शनिवार को प्रदेश के सात विश्वविद्यालयों में नए कुलपतियों (कुलगुरुओं) की नियुक्ति की घोषणा की। इस महत्वपूर्ण निर्णय के तहत, कोटा, जोधपुर, उदयपुर और जोबनेर सहित विभिन्न विश्वविद्यालयों में नए कुलपतियों को नियुक्त किया गया है।
राज्यपाल द्वारा जारी आदेश के अनुसार, जिन सात विश्वविद्यालयों में नए कुलपतियों की नियुक्ति की गई है, उनमें शामिल हैं-
कृषि विश्वविद्यालय, कोटा - डॉ. विमला डूंकवाल
कृषि विश्वविद्यालय, जोधपुर - डॉ. वीरेंद्र सिंह जेतावत
श्री कर्ण नरेंद्र कृषि विश्वविद्यालय, जोबनेर - प्रो. पुष्पेंद्र सिंह चौहान
महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, उदयपुर - डॉ. प्रताप सिंह
जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय, जोधपुर - प्रो. पवन कुमार शर्मा
डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन आयुर्वेद विश्वविद्यालय, जोधपुर - प्रो. गोविंद सहाय शुक्ला
राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय, कोटा - प्रो. निमित रंजन चौधरी
इन नियुक्तियों के बाद शिक्षक समुदाय में दिवाली पर उत्साह का माहौल है। विशेष रूप से, कृषि विश्वविद्यालय, कोटा में नियुक्त डॉ. विमला डूंकवाल, जोकि खाजूवाला से भाजपा विधायक डॉ. विश्वनाथ मेघवाल की पत्नी हैं। इनकी नियुक्ति चर्चा का विषय बनी हुई है।
राज्यपाल द्वारा जारी आदेश के अनुसार, इन कुलपतियों का कार्यकाल कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से तीन वर्ष या 70 वर्ष की आयु पूरी होने तक (जो भी पहले हो) रहेगा। इन नियुक्तियों से विश्वविद्यालयों में शैक्षणिक और प्रशासनिक सुधारों को गति मिलने की उम्मीद है।
राजस्थान सरकार और राज्यपाल का यह कदम प्रदेश के उच्च शिक्षा क्षेत्र के लिए अहम माना जा रहा है। इन विश्वविद्यालयों में नए कुलपतियों की नियुक्ति से शैक्षिक गुणवत्ता, अनुसंधान, और नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। विशेष रूप से, कृषि और आयुर्वेद जैसे क्षेत्रों में विशेषज्ञता रखने वाले विश्वविद्यालयों में नई नियुक्तियां ग्रामीण और तकनीकी विकास को प्रोत्साहन दे सकती हैं।राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने इन नियुक्तियों को दीपावली के अवसर पर एक शैक्षिक तोहफा करार दिया है।
Updated on:
19 Oct 2025 11:56 am
Published on:
19 Oct 2025 11:55 am
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