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Greenfield Airport: कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट, समयबद्ध निर्माण से हाड़ौती को मिलेगी नई उड़ान

Civil Aviation India: जयपुर/कोटा. प्रदेश के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने रविवार को कोटा प्रवास के दौरान कलेक्ट्रेट सभागार में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक लेकर कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट निर्माण को केंद्र में रखते हुए प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यह परियोजना केवल एक एयरपोर्ट नहीं, बल्कि हाड़ौती क्षेत्र के आर्थिक और पर्यटन विकास […]

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जयपुर

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Rajesh Dixit

Mar 22, 2026

Kota-Bundi Greenfield Airport

फोटो-एआई जेनरेटेड

Civil Aviation India: जयपुर/कोटा. प्रदेश के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने रविवार को कोटा प्रवास के दौरान कलेक्ट्रेट सभागार में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक लेकर कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट निर्माण को केंद्र में रखते हुए प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यह परियोजना केवल एक एयरपोर्ट नहीं, बल्कि हाड़ौती क्षेत्र के आर्थिक और पर्यटन विकास का मजबूत आधार है। ऐसे में इसका निर्माण तय समय सीमा में पूरा होना अत्यंत आवश्यक है।

बैठक में एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अधिकारियों ने प्रेजेंटेशन के माध्यम से निर्माण कार्य की विस्तृत जानकारी दी। मुख्य सचिव ने कार्य की वर्तमान प्रगति पर संतोष जताते हुए कहा कि निर्धारित लक्ष्य के अनुसार काम आगे बढ़ रहा है, जो सकारात्मक संकेत है। उन्होंने एयरोसिटी के कांसेप्ट प्लान को भी विस्तार से समझा और निर्देश दिए कि भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए इसे सुव्यवस्थित ढंग से विकसित किया जाए, ताकि क्षेत्र में निवेश और रोजगार के नए अवसर सृजित हो सकें।

मुख्य सचिव ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के अधिकारियों से कोटा की उदयपुर और भरतपुर से कनेक्टिविटी को लेकर भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि एयरपोर्ट के साथ बेहतर सड़क कनेक्टिविटी जरूरी है, जिससे यात्रियों और व्यापारिक गतिविधियों को गति मिल सके। इस दिशा में शीघ्र ठोस प्रयास किए जाएंगे।

बैठक के दौरान अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी चर्चा हुई। मुख्य सचिव ने जिले में एलपीजी गैस आपूर्ति को लेकर सख्त निर्देश देते हुए कहा कि घरेलू सिलेंडरों की कालाबाजारी या व्यावसायिक उपयोग किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इसके लिए सघन जांच अभियान चलाने, ओटीपी आधारित डिलीवरी और ‘पहले आओ, पहले पाओ’ व्यवस्था का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को कहा गया। उन्होंने अस्पतालों, मंदिरों, कोचिंग संस्थानों और अन्नपूर्णा रसोई जैसी आवश्यक सेवाओं में गैस आपूर्ति निर्बाध रखने के निर्देश भी दिए।

इसके साथ ही आगामी गर्मी के मौसम को देखते हुए पेयजल प्रबंधन को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि हैंडपंप मरम्मत के लिए विशेष अभियान चलाया जाए और जल संकट की संभावित स्थिति से निपटने के लिए अभी से तैयारी सुनिश्चित की जाए।

बैठक में संभागीय आयुक्त अनिल कुमार अग्रवाल ने बताया कि एयरपोर्ट निर्माण की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है और हर 10 दिन में प्रगति की समीक्षा हो रही है। इस दौरान जिला प्रशासन और विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।