एमएनसी फंड में आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल टॉप पर

पिछले एक साल में म्यूचुअल फंड ( Mutual fund ) की स्कीम्स ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है। यहां तक कि बहुराष्ट्रीय कंपनियों (multinational companies) में निवेश करने पर भी इन्होंने अच्छा रिटर्न दिया है। आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल ( ICICI Prudential ) एमएनसी फंड ने इस साल में अब तक 25.39 फीसदी का रिटर्न दिया है, जबकि एक साल में 65.92 और 2 साल में 30.10 फीसदी का रिटर्न दिया है। एसबीआई मैग्नम ग्लोबल फंड ( SBI Magnum ) ने इस साल में 24.26 फीसदी, एक साल में 52.32 और 2 सालों में 27.40 फीसदी का फायदा दिया है।

By: Narendra Kumar Solanki

Published: 22 Jul 2021, 09:20 AM IST

मुंबई। पिछले एक साल में म्यूचुअल फंड की स्कीम्स ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है। यहां तक कि बहुराष्ट्रीय कंपनियों (मल्टी नेशनल) में निवेश करने पर भी इन्होंने अच्छा रिटर्न दिया है। एक साल में इनका रिटर्न 65 फीसदी तक का रहा है, जबकि इस साल के पहले 6 महीनों में यह 25 फीसदी रहा है।
आंकड़े बताते हैं कि आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एमएनसी फंड ने इस साल में अब तक 25.39 फीसदी का रिटर्न दिया है, जबकि एक साल में 65.92 और 2 साल में 30.10 फीसदी का रिटर्न दिया है। एसबीआई मैग्नम ग्लोबल फंड ने इस साल में 24.26 फीसदी, एक साल में 52.32 और 2 सालों में 27.40 फीसदी का फायदा दिया है। यूटीआई एमएनसी फंड ने इस साल में 14.55, एक साल में 32.38 और 2 साल में 17.59 फीसदी का रिटर्न दिया है। जब भी बात इक्विटी मार्केट्स की आती है बहुराष्ट्रीय कंपनियों के शेयर अच्छा प्रदर्शन करते हैं। ये कंपनियां रोजाना की जरूरतों पर फोकस करती हैं। एक निवेशक के लिए म्यूचुअल फंड सेक्टर में तमाम ऐसे फंड मिल सकते हैं, पर उसमें बेहतर फंड का चुनाव करना भी आपकी बुद्धिमानी को दिखाता है। ऐसे में आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एमएनसी फंड एक बेहतर नाम उभर कर सामने आता है।
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एमएनसी फंड तीन तरह का नजरिया अपनाता है। इसमें भारतीय बहुराष्ट्रीय कंपनियां होती हैं, जो भारत में बनती हैं और पूरी दुनिया में अपने कारोबार करती हैं। दूसरी मल्टी नेशनल कंपनियां जो भारत में लिस्टेड होती हैं और कारोबार करती हैं, पर विदेशी होती हैं। तीसरी ग्लोबल मल्टी नेशनल कंपनियां होती हैं, जो विदेशी कंपनियां होती हैं और पूरी दुनिया में इनका कारोबार होता है, पर ये भारत में लिस्टेड नहीं होती हैं।
बहुराष्ट्रीय कंपनियां कंज्यूमर, ऑटोमोबाइल, इंडस्ट्रियल मैन्युफैक्चरिंग, मेटल्स, सूचना एवं प्रौद्योगिकी, सीमेंट और फार्मा पर फोकस करती हैं। इस तरह की कंपनियों में बेहतरीन कॉर्पोरेट गवर्नेंस होता है। इनकी बैलेंसशीट मजबूत होती है और मजबूत ब्रांड के साथ एडवांस टेक्नोलॉजी होती है। इस तरह की कंपनियों के शेयरों में कम उतार-चढ़ाव होता है।
सेबी के रेगुलेशन के मुताबिक, इस तरह के फंड कम से कम अपने निवेश का 80 फीसदी हिस्सा एमएनसी कंपनियों के शेयरों में निवेश करते हैं। बाकी 20 फीसदी अन्य संसाधनों में निवेश किया जा सकता है। एक निवेशक इस तरह के फंड में साइक्लिकल और सुरक्षित दोनों तरह की थीम में निवेश कर सकता है। इस सेक्टर में जहां बड़ी-बड़ी फास्ट मूविंग कंज्यूमर गुड्स और फार्मा कंपनियां होती हैं, वहीं दूसरी ओर आईटी कंपनियां भी होती हैं। इसका मतलब ये कई सेक्टर में कारोबार करती हैं।
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एमएनसी फंड ने जून 2021 तक 20 फीसदी इंटरनेशनल सिक्योरिटीज में हार्डवेयर, सॉफ्टवेयर, कंज्यूमर नॉन ड्यूरेबल्स और ऑयल एवं पेट्रोलियम प्रोडक्ट सेक्टर के शेयरों में निवेश किया है। फंड हाउस का डायवर्सिफिकेशन निवेशकों को भारत के बाहर लिस्टेड स्टॉक से संभावित फायदा देने में मदद करता है। जहां तक भारतीय इक्विटीज में एक्सपोजर की बात है, तो यह सभी मार्केट कैपिटलाइजेशन में निवेश करता है।
इस फंड ने लॉर्ज कैप में 61.1 फीसदी का निवेश किया है, जबकि मिड कैप में 26.5 फीसदी और स्माल कैप में 12.4 फीसदी का निवेश किया है। जहां तक सेक्टर की बात है तो यह घरेलू बाजार में कंज्यूमर नॉन ड्यूरेबल्स, सॉफ्टवेयर, ऑटो, इंडस्ट्रियल प्रोडक्ट और फार्मा में कुल पोर्टफोलियो का 50 फीसदी निवेश करता है। 2019 में इस फंड को लांच किया गया था। यह लगातार इस कैटेगरी में अच्छा प्रदर्शन करता है।

Narendra Kumar Solanki Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned