27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

एक सिम एक्टिव करके कर ली डेढ़ करोड़ की ठगी, दिल्ली से गिरफ्तार हुई शातिर हसीना

क्लेम के नाम पर 1.45 करोड़ की ठगी करने के मामले में दो गिरफ्तार, गिरफ्तार लोगों में मोबाइल सिम जारी करने वाला दुकानदार और दूसरी वोडाफोन की प्रमोटर महिला कर्मचारी

less than 1 minute read
Google source verification
a4.jpg

मुकेश शर्मा / जयपुर। स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने क्लेम के नाम पर 1.45 करोड़ रुपए की ठगी करने के मामले में दो जालसाजों को और गिरफ्तार किया है। एडीजी अशोक राठौड़ ने बताया कि गिरफ्तार जालसाजों में दिल्ली निवासी मोबाइल सिम जारी करने वाला दुकानदार शिवम मिश्रा और दिल्ली निवासी वोडाफोन कंपनी की प्रमोटर अंजली नेगी है। इस संबंध में जयपुर निवासी 71 वर्षीय मनमोहन देवपुरा ने 6 मार्च 2020 को मामला दर्ज करवाया था।

प्रकरण में अनुसंधान निरीक्षक पूनम चौधरी को दिया गया। अनुसंधान अधिकारी पूनम चौधरी ने 7 अप्रेल को देवेन्द्र कुमार मिश्रा को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार देवेन्द्र से पूछताछ और अन्य सबूतों के आधार पर बुधवार को दिल्ली निवासी दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया।


फर्जी सिम जारी कर एक्टिवेट किया

एसओजी एडीजी राठौड़ ने बताया कि आरोपी शिवम मिश्रा ने एक युवक-युवती द्वारा सिम जारी करवाने के तुरंत बाद उनके दस्तावेजों से दो अन्य सिम जारी कर ली और फिर आरोपी अंजली नेगी द्वारा उक्त दोनों सिम एक्टिवेट करवाकर जालसाज गिरोह के सदस्यों को उपलब्ध करवाई गई।


ऐसे की थी ठगी

गिरोह ने फर्जी सिम से पीडि़त को रिजर्व बैंक, एसईबीआई, आईआरडीए, बैंक लॉकपाल और वित्त मंत्रालय के अधिकारी बनकर फोन किया। उक्त विभागों के फर्जी बनाए गए लेटर हेड वाट्सऐप के जरिए पीडि़त को भेजते। विभिन्न बीमा पॉलिसी में जमा राशि का भुगतान करवाने का झांसा देकर विभिन्न चार्जेज के नाम पर 1.45 करोड़ रुपए विभिन्न बैंक खातों में जमा करवा लिए। गिरोह के खुलासे में कम्प्यूटर ऑपरेटर कांस्टेबल सुभाष कुमार का विशेष योगदान रहा।