जयपुर। ग्रेटर नगर निगम बोर्ड की चौथी साधारण सभा की बैठक में भ्रष्टाचार पर खूब रार हुई। उद्यान और गैराज शाखा की कार्यशैली पर सवाल उठाए। सदन में भाजपा को समर्थन दे रहे दो पार्षदों में विवाद इतना बढ़ा कि पार्षद स्वाति परनामी धरने पर बैठ गईं। उनके समर्थन में शील धाभाई और जयश्री गर्ग आ गईं। बाद में महापौर सौम्या गुर्जर और उप महापौर पुनीत कर्णावत की समझाइश के बाद वे अपनी सीट पर बैठीं।
आठ घंटे बैठक में तीन घंटे लड़ाई में निकले
बैठक दोपहर 12 बजे से शुरू होकर रात सवा आठ बजे चली। आठ घंटे तक चली बैठक में तीन घंटे पार्षदों के लडऩे झगडऩे में ही निकल गए। एक घंटा खाना खाने में लगाया। तीन घंटे सदन में चर्चा हुई। संभावना थी कि कांग्रेस पार्षद बैठक में विरोध करेंगे, लेकिन कांग्रेस पार्षदों की जगह भाजपा और भाजपा को समर्थन दे रहे निर्दलीय पार्षदों ने ही अपनी मेयर को घेरने का कई बार प्रयास किया। भाजपा के पार्षद दो गुटों में बंटे नजर आए।
बोर्ड बैठक में 15 प्रस्ताव पारित हुए हैं। इसका आमजन को सीधा फायदा मिलेगा और निगम सेवाओं के प्रति विश्वास बढ़ेगा। वार्डों में विकास कार्यों, सडक़ निर्माण संबंधी बजट राशि वृद्धि के लिए 27 जून को बैठक होगी।
सौम्या गुर्जर, महापौर जयपुर ग्रेटर नगर निगम
वार्ड के विकास और जनहित के प्रस्ताव पर चर्चा की बात आई तो महापौर ने बैठक स्थगित कर दी। इसी वजह से मैं लगातार मांग कर रहा था कि अंतिम प्रस्ताव से ही चर्चा की जाए। भाजपा को इस मुद्दे पर चर्चा करनी ही नहीं थी।
-राजीव चौधरी, नेता प्रतिपक्ष