19 जनवरी 2026,

सोमवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

टेलीकॉम कंपनियों द्वारा जयपुर में लगाए गए अवैध होर्डिंग-बैनर पर निगम ने की कार्रवाई, भेजे नोटिस

इन मामलों में संपत्ति विरूपण अधिनियम के तहत एफआईआर भी दर्ज होगी व होर्डिंग लगाने की राशि वसूली जाएगी..

less than 1 minute read
Google source verification

image

vijay ram

Feb 26, 2017

hoarding

hoarding

राजधानी में टेलीकॉम कंपनियों के विभिन्न स्थानों पर लगे अवैध होर्डिंग-बैनर हटाने की नगर निगम ने कार्रवाई शुरू कर दी है। निगम के सभी जोन उपायुक्त और राजस्व अधिकारियों ने टीम बनाकर टेलीकॉम कंपनियों के अवैध होर्डिंग-बैनर हटाए।


इन मामलों में संपत्ति विरूपण अधिनियम के तहत एफआईआर भी दर्ज होगी व होर्डिंग लगाने की राशि वसूली जाएगी। इसके लिए नोटिस भेजे जा रहे हैं। बिना स्वीकृति होर्डिंग लगाने के कारण हर कंपनी पर लाखों रुपए बकाया हैं।


इधर, लोक अदालत में हुआ 221 प्रकरणों का निस्तारण

राजस्थान हाईकोर्ट की जयपुर पीठ में आयोजित विशेष लोक अदालत में 221 प्रकरणों का समझाइश से निस्तारण कर दिया। राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से लोक अदालत के लिए तीन बेंच गठित की गई। इनमें एक बेंच न्यायाधीश महेशचन्द्र शर्मा व वरिष्ठ अधिवक्ता बीरी सिंह सिनसिनवार की थी।


एक बेंच सेवानिवृत्त न्यायाधीश एससी मित्तल व वरिष्ठ अधिवक्ता सुरेश पारीक और अन्य बेंच सेवानिवृत्त न्यायाधीश गुमान सिंह व वरिष्ठ अधिवक्ता जेपी गोयल की थी। लोक अदालत में 1092 प्रकरण रैफर होकर आए थे। न्यायाधीश महेशचन्द्र ने ही इस लोक अदालत का शुभारम्भ किया। 11 फरवरी को लोक अदालत में करीब 1.31 लाख प्रकरणों का निस्तारण हुआ।