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सरकार का ये कैसा खेल, दो अधिकारियों के पास दोनों नगर निगम का जिम्मा

जयपुर शहर के दोनों नगर निगम का गठन हुए लंबा समय बीत चुका है, लेकिन आज भी कार्मिकों का सही ढंग से पदस्थापन नहीं हो पाया है। अब भी कई कार्मिक दोनों नगर निगम में काम कर रहे हैं। इनमें दो अफसर भी शामिल हैं।

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जयपुर

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Umesh Sharma

Jan 08, 2022

सरकार का ये कैसा खेल, दो अधिकारियों के पास दोनों नगर निगम का जिम्मा

सरकार का ये कैसा खेल, दो अधिकारियों के पास दोनों नगर निगम का जिम्मा

जयपुर।

जयपुर शहर के दोनों नगर निगम का गठन हुए लंबा समय बीत चुका है, लेकिन आज भी कार्मिकों का सही ढंग से पदस्थापन नहीं हो पाया है। अब भी कई कार्मिक दोनों नगर निगम में काम कर रहे हैं। इनमें दो अफसर भी शामिल हैं।

नगर निगम की सबसे महत्वपूर्ण शाखा गैराज के उपायुक्त अतुल शर्मा के पास दोहरी जिम्मेदारी है। शर्मा ग्रेटर और हैरिटेज दोनों ही नगर निगम की गैराज शाखा का काम देखते हैं। वहीं रविंद्र सिंह के पास भी दोनों नगर निगम में उद्यानविज्ञ का चार्ज है। ऐसे में साफ तौर पर काम प्रभावित होता नजर आ रहा है। यही नहीं सरकार ने दोनों नगर निगम तो बना दिए, लेकिन आज तक दोनों में ही कर्मचारियों की कमी साफ देखी जा सकती है।

आपको बता दें कि नगर निगम गठन के साथ ही ग्रेटर नगर निगम की निलंबित महापौर सौम्या गुर्जर ने सरकार पर कर्मचारी वितरण में भेदभाव का आरोप लगाया था। सौम्या का आरोप था कि ग्रेटर का क्षेत्र बड़ा है। इसके बाद भी सरकार ने सफाई कर्मचारी हैरिटेज को ज्यादा दिए हैं।

ग्रेटर की गैराज शाखा में चार एईएन

कार्मिकों का सही उपयोग भी दोनों नगर निगम नहीं कर पा रहे हैं। जहां ग्रेटर की गैराज शाखा में चार एईएन काम कर रहे हैं, वहीं हैरिटेज की गैराज शाखा के पास एक भी एईएन नहीं है। जबकि दोनों तरफ अधिकतम दो एईएन की आवश्यकता है, लेकिन निगम की कार्मिक शाखा का इस ओर ध्यान नहीं जाता है। इसके अलावा दोनों नगर निगम में अभियंताओं की लंबी—चौड़ी फौज काम कर रही है, जबकि आवश्यकता कम की है।