24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

जयपुर के रीयल हीरो जिन्होंने आग में कूदकर, मौत के मुंह से बच्चों को बचाया

JK lon hospital jaipur : सबकी सजगता से बड़ा हादसा टला, जयपुर के ये हीरोज दौड़कर आए और 25 बच्चों को आग से बचाया    

2 min read
Google source verification

जयपुर

image

Deepshikha

Jul 30, 2019

JK lon

जयपुर के रीयल हीरो जिन्होंने आग में कूदकर, मौत के मुंह से बच्चों को बचाया

जयपुर. Fire In jk lon hospital jaipur : जेके लोन अस्पताल में सोमवार तड़के लगी आग के बाद बच्चों को तत्काल शिफ्ट कर दिए जाने से बड़ा हादसा टल गया। इन बच्चों की जान बचाने में वहां मौजूद स्टाफ, रेजिडेंट डॉक्टर्स और नर्सिंग स्टाफ मददगार बने। इनमें से कुछ तो एसएमएस अस्पताल (SMS Hospital Doctors ) से भी दौड़कर पहुंचे।

प्रत्यक्षदर्शियों और यहां भर्ती बच्चों के परिजनों ने बताया कि वहां मौजूद हर शख्स मददगार बन गया था। घटना के बाद किस तरह के हालात हुए और किस तरह बच्चों को लाया गया, वहां मौजूद कुछ बच्चों के परिजनों ने पत्रिका को बताया।

एसएमएस से दौड़कर आए कुछ रेजिडेंट डॉक्टरों ने जेकेलोन पर ड्यूटी पर नहीं होने के बावजूद रीयल हीरो की तरह अपनी भूमिका निभाई। इनके अलावा जेके लोन के मौजूद स्टाफ, नर्सिंग स्टाफ ने भी बच्चों को शिफ्ट करने में मदद की।


वेंटिलेटर सहित दिक्कत आई तो वेंटिलेटर हटाकर शिफ्ट किया

बच्चे को अचानक बेहोश होने के बाद पिता हरिमोहन ने उसे जेकेलोन में भर्ती करवाया था। आग के बाद आईसीयू में धुआं भरने के समय वह आईसीयू में ही मौजूद था।

उसने बताया कि जिसे जो समझ आ रहा था, वह वही कर रहा था, हर शख्स वहां मददगार नजर आ रहा था। उसने बताया कि सबसे अधिक मदद स्टाफ और अस्पताल में मौजूद डॉक्टरों ने की। बच्चों को वेंटिलेटर सहित शिफ्ट करने में परेशानी आई। ऐसे में वेंटिलेटर हटाकर शिफ्ट करना पड़ा।

यह बताया रीयल हीरो टीम ने पत्रिका को

डॉ. राकेश चौधरी ने पत्रिका को बताया कि रात्रि में अचानक उन्हें आईसीयू ( Fire In JK Lon ICU ) के साइड वाले कमरे से धमाके की आवाज आई। इसके बाद आईसीयू में लगे डक्ट सिस्टम से धुएं का गुबार आता हुआ नजर आया। यह देख पूरा स्टाफ सकते में आ गया।

उसी समय तुरंत निर्णय लिया कि वेंटिलेटर पर मौजूद सभी बच्चों को सुरक्षित तरीके से वेंटिलेटर के साथ ही बाहर निकालना है। इसके बाद गार्डों और नर्सिंग स्टाफ को साथ लेकर बच्चों को बाहर निकालना शुरू किया।

सीनियर डॉक्टरों को कॉल कर सूचना दी गई। सीनियर डॉक्टर भी अस्पताल में पहुंच गए। सभी की मदद से बच्चों को भारी धुएं के बीच बाहर निकाला गया। उनके साथ डॉ. मनीषा, डॉ. चारू, डॉ. तेजपाल भी वहां मौजूद रहे।

Read More : जयपुर: जेके लोन अस्पताल के ICU में लगी आग, मचा हड़कंप, 25 बच्चों को किया दूसरे वार्ड में शिफ्ट