
जयपुर। जन्म पंजीकरण की प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए राज्य सरकार ने पहचान पोर्टल पर बड़ी सुविधा शुरू की है। अब आमजन को अपने या परिजनों के पुराने जन्म प्रमाण पत्र में आधार नंबर जुड़वाने के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। पोर्टल पर शुरू हुई नई व्यवस्था के तहत अब घर बैठे ही पुराने पंजीकरण में आधार संख्या को जोड़ा जा सकता है।
इस सुविधा का सबसे बड़ा लाभ उन लोगों को मिलेगा जिनके पुराने प्रमाण पत्रों में आधार की जानकारी दर्ज नहीं थी। अब मात्र तीन चरणों की प्रक्रिया का पालन कर इस कार्य को पूरा किया जा सकेगा।
आर्थिक एवं सांख्यिकी निदेशालय के संयुक्त निदेशक सुदेश कुमार ने बताया कि यह सुविधा लोगों की सहूलियत को ध्यान में रखते हुए की गई है। घर बैठे ही जन्म प्रमाण पत्र में आधार अपडेट किया जा सकेगा। निगम के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
दरअसल, जब बच्चे का पहली बार आधार बनवाने के लिए परिजन आधार केंद्र पर जाते हैं तो वहां पर माता-पिता दोनों के आधार नम्बर जन्म प्रमाण पत्र पर मांगते हैं। राजधानी जयपुर के विभिन्न नगर निगम सेंटर पर रोज 400 से अधिक लोग आधार नम्बर जुड़वाने के लिए पहुंचते हैं।
इन तीन चरणों से करें प्रक्रिया
1- पंजीकरण की खोज: सबसे पहले पहचान पोर्टल पर जाकर अपना जन्म या मृत्यु पंजीकरण खोजें।
2- प्रमाणीकरण व नई एंट्री: पंजीकरण में पहले से मौजूद किसी भी सदस्य (माता, पिता या आवेदक) के आधार का प्रमाणीकरण करें। इसके बाद जिस सदस्य का आधार जोडऩा है, उसकी संख्या दर्ज करें।
3- सत्यापन: दर्ज की गई जानकारी का सत्यापन सफल होते ही स्क्रीन पर सफलतापूर्वक जुडऩे का संदेश दिखाई देगा।
ये रखें ध्यान
नाम का हूबहू मिलान: आधार कार्ड में लिखा नाम और जन्म पंजीकरण में दर्ज नाम बिल्कुल एक जैसा होना अनिवार्य है। यदि नाम की वर्तनी में अंतर हुआ, तो आधार नहीं जुड़ पाएगा।
अंतिम मुहर: आधार संख्या जुडऩे के बाद संबंधित रजिस्ट्रार उस पर डिजिटल हस्ताक्षर (ई-साइन) करेंगे। इसके बाद व्हाट्सऐप पर नया जन्म प्रमाण पत्र मिल जाएगा।
Updated on:
25 Apr 2026 07:35 am
Published on:
25 Apr 2026 07:35 am
