
राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर।
Madan Dilawar : राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने कहा है कि राजस्थान में निजी विद्यालयों की मान्यता प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, समयबद्ध और सरल बनाया जाएगा। नवीन मान्यता के लिए आवेदन 31 जुलाई से आमंत्रित किए जाएंगे तथा प्रत्येक स्तर पर निर्धारित समयसीमा में कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निजी विद्यालयों को सरकारी नियमों की पूर्ण पालना करनी होगी, अन्यथा नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने सोमवार को शिक्षा संकुल में निजी विद्यालयों की मान्यता प्रक्रिया के सरलीकरण तथा लंबित प्रकरणों की समीक्षा बैठक में निर्देश दे रहे थे। मदन दिलावर ने नवीन मान्यता आवेदनों की प्रक्रिया की विस्तृत समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि प्रथम स्तर पर गठित समिति 7 दिवस के भीतर जांच कर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। इसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी 15 दिवस के भीतर रिपोर्ट का परीक्षण कर उसे अग्रेषित करेंगे। अंतिम निर्णय निदेशक स्तर पर लिया जाएगा।
मदन दिलावर ने कहा कि जांच प्रक्रिया पूर्णतः पारदर्शी होगी। समिति के गठन तथा रिपोर्ट प्रस्तुत करने की संपूर्ण प्रक्रिया निर्धारित समयसीमा के अनुरूप होगी। यदि कोई जांच अधिकारी अनावश्यक विलंब करता है तो उसके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षण में पाई गई प्रत्येक कमी का स्पष्ट उल्लेख किया जाएगा तथा आवेदन निर्धारित प्रारूप में ही स्वीकार किए जाएंगे। साथ ही बच्चों की सुरक्षा एवं नियमों के सरलीकरण के लिए आवश्यक संशोधन भी किए जाएंगे।
शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने निर्देश दिए कि विद्यालयों में छात्रों के बैठने की समुचित व्यवस्था, प्रार्थना सभा, भवन, कक्षों, आवागमन एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं का गहन निरीक्षण किया जाए। उन्होंने विशेष रूप से कहा कि विद्यार्थियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा विद्यालय यह सुनिश्चित करें कि बच्चों को विद्यालय परिसर के बाहर वाहन से न उतारा जाए, बल्कि सुरक्षित रूप से परिसर के भीतर ही उतारा जाए। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निजी विद्यालयों की मान्यता से संबंधित लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जो विद्यालय निर्धारित मानकों एवं नियमों का पालन नहीं करेंगे, उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी तथा आवश्यकता होने पर उनकी मान्यता भी निरस्त की जा सकेगी।
मदन दिलावर ने कहा कि जिन विद्यालयों में डमी विद्यार्थियों की प्रवृत्ति पाई जाएगी अथवा विद्यालय समय में विद्यार्थी कोचिंग संस्थानों में अध्ययन करते पाए जाएंगे, उनके विरुद्ध भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। बिना मान्यता के विद्यालय संचालन अथवा अन्य आवश्यक नियमों के उल्लंघन पर भी कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने निर्देश दिए कि किसी भी छात्र की फीस बकाया होने के कारण उसकी स्थानांतरण प्रमाण-पत्र (टीसी) अथवा अन्य आवश्यक शैक्षणिक दस्तावेज नहीं रोके जाएं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों एवं अभिभावकों को अनावश्यक रूप से परेशान करने वाले विद्यालयों के विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
अतिरिक्त मुख्य सचिव राजेश कुमार यादव ने कहा कि राज्य सरकार निजी विद्यालयों की मान्यता प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी और जवाबदेह बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्धारित समयसीमा में सभी स्तरों पर जांच एवं प्रकरणों का निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। बैठक में निदेशक सीताराम जाट सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
Updated on:
20 Jul 2026, 7:57 PM IST
Published on:
20 Jul 2026, 7:57 PM IST
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