8 अप्रैल 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Martial Arts : जयपुर के युवा मार्शल आर्ट खिलाड़ियों ने रचा इतिहास

— इंडिया और एशिया रिकॉर्ड के लिए सफल आधिकारिक प्रयास जयपुर. शहर में मार्शल आर्ट्स के बढ़ते स्तर और युवा प्रतिभाओं की क्षमता को एक बार फिर राष्ट्रीय मंच पर स्थापित किया। 11 वर्षीय विहान जैन ने अपनी शानदार गति और तकनीक का प्रदर्शन करते हुए 1 मिनट में 134 फ्रंट स्लैप किक्स लगाए। पहले […]

less than 1 minute read
Google source verification

जयपुर

image

Murari

Apr 08, 2026

— इंडिया और एशिया रिकॉर्ड के लिए सफल आधिकारिक प्रयास

जयपुर. शहर में मार्शल आर्ट्स के बढ़ते स्तर और युवा प्रतिभाओं की क्षमता को एक बार फिर राष्ट्रीय मंच पर स्थापित किया। 11 वर्षीय विहान जैन ने अपनी शानदार गति और तकनीक का प्रदर्शन करते हुए 1 मिनट में 134 फ्रंट स्लैप किक्स लगाए।

पहले से ही इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में स्थान बना चुके विहान ने इस प्रदर्शन के साथ एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में नया रिकॉर्ड दर्ज कराने की दिशा में मजबूत दावा पेश किया। शिवा क्लब मार्शल आर्ट्स अकादमी के युवा खिलाड़ियों ने आधिकारिक एडजुडिकेटर राजा मूकिम की मौजूदगी में इंडिया और एशिया रिकॉर्ड के लिए अपना आधिकारिक प्रयास सफलतापूर्वक पूरा किया। नेशनल मेडलिस्ट और ब्लैक बेल्ट रक्षत धनोपिया ने 2 किलोग्राम अतिरिक्त वजन के साथ 1 मिनट में 242 एल्बो अटैक कर शानदार प्रदर्शन किया। उनका यह प्रयास ताकत, सहनशक्ति और तकनीकी दक्षता का उत्कृष्ट उदाहरण रहा।

विशिष्ट अतिथियों ने बढ़ाया खिलाड़ियों का उत्साह
इस अवसर पर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड होल्डर सुरभि शर्मा ने खिलाड़ियों के समर्पण और मेहनत की सराहना की। कार्यक्रम में राजेश कुमार (सहायक लेखा अधिकारी प्रथम, सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग) भी उपस्थित रहे और खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दीं। साथ ही दो बार के पैरा ओलंपियन कृष्णा नागर ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। कोच प्रदीप सिंह राघव ने कहा कि यह उपलब्धि खिलाड़ियों की निरंतर मेहनत, अनुशासन और समर्पण का परिणाम है और यह सफलता अधिक से अधिक युवाओं को खेल और आत्मरक्षा के प्रति प्रेरित करेगी। यह सफल रिकॉर्ड प्रयास जयपुर के लिए गर्व और प्रेरणा का प्रतीक बन गया है। अकादमी के खिलाड़ियों की यह उपलब्धि शहर को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर नई पहचान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।