आल राजस्थान कॉपरेटिव बैंक एम्प्लॉइज़ यूनियन और ऑफिसर्स एसोसिएशन के राज्यव्यापी आह्वान पर सहकारी बैक कर्मियों ने सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना को ज्ञापन दिया। इस कार्मिकों में अपेक्स बैंक, जयपुर सेंट्रल कॉपरेटिव बैंक व राज्य भूमि विकास बैंक के कर्मचारी और अधिकारी शामिल थे।
जयपुर। आल राजस्थान कॉपरेटिव बैंक एम्प्लॉइज़ यूनियन और ऑफिसर्स एसोसिएशन के राज्यव्यापी आह्वान पर सहकारी बैक कर्मियों ने सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना को ज्ञापन दिया। इस कार्मिकों में अपेक्स बैंक, जयपुर सेंट्रल कॉपरेटिव बैंक व राज्य भूमि विकास बैंक के कर्मचारी और अधिकारी शामिल थे। यूनियन के महासचिव सहकार नेता सूरज भान सिंह आमेरा के नेतृत्व में सामूहिक रूप से बड़ी संख्या में कार्मिक सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना के सरकारी निवास पर पंहुचे और अपनी लम्बित मांगों को लेकर ज्ञापन दिया गया। सामूहिक डेलीगेशन में अपेक्स बैंक से अभिषेक रायज़ादा, तेजसिंह मीणा, सर्वेश चोधरी,रामसिंह, भूमि विकास बैंक से भंवर लाल,प्रदीप मित्तल,घनश्याम, मुकेश कुमार ,जयपुर सीसीबी से विजय पारीक, मनीष गंगवाल,हेमंत वर्मा और मनोज मीणा शामिल थे।
सहकार नेता आमेरा ने बताया कि ज्ञापन में राज्य के सहकारी बैंक कर्मियों को जनवरी 2019 से देय 16वें वेतन समझौते के मांग पत्र पर वार्ता शुरू करने के साथ ही पेंशन सुविधा का लाभ दिए जाने,स्टाफ़ स्ट्रेंथ में बढ़ोतरी कर रिक्त पदों पर भर्ती करन,डीपीसी कर पद्दोन्नति लाभ देने, उपार्जित अवकाश नक़दीकरण भुगतान की स्वीकृति जारी करन की मांग की गई। इसके साथ ही तिलम संघ से बैंक में समायोजित कर्मियों को बैंक पद वेतनमान भुगतान व सुविधा देन,अंतर बैंक सेवा स्थानांतरण करने, सीसीबी को एक प्रतिशत क्षतिपूर्ति ब्याज अनुदान व चार प्रतिशत रबी फ़सली ऋण अनुदान भुगतान बहाल करने, ऋण माफी एवजी देय बकाया भुगतान करने आदि मांगों को लेकर सरकार व सहकारिता विभाग से कार्यवाही करने की मांग की गई। आमेरा ने बताया कि सहकारिता मंत्री ने प्रमुख शासन सचिव सहकारिता श्रेया गुहा व रजिस्ट्रार सहकारिता मुक्तानंद अग्रवाल को लम्बित मुद्दों व मांगों पर कार्यवाही कर निराकरण करने के निर्देश प्रदान किए हैं।
आमेरा ने बताया कि लम्बित मांगों व मुद्दों के चलते सहकारी बैंक कर्मियों में सरकार व विभाग के प्रति भारी असंतोष व्याप्त है। यदि सरकार ने समय रहते ज्ञापन में दी गई मांगों पर कार्यवाही नहीं की तो अगले माह राज्य के सभी सहकारी बैंकों के कर्मचारी व अधिकारी राज्य स्तरीय आंदोलन की कार्यवाही शुरू करेंगे जिसमें सभी जिलो में प्रदर्शन, धरने, काली पट्टी व हड़ताल आदि शामिल हैं।