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जयपुर में तलवार का ऐसा खौफ, पांच सितारा में सबके सामने की वारदात, नहीं दर्ज कराने आया कोई एफआईआर

जेएलएन और जालूपुरा में वारदात के बाद भी नहीं आए पीड़ित सामने

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munna talwar

जयपुर में तलवार का ऐसा खौफ, पांच सितारा में सबके सामने की वारदात, नहीं दर्ज कराने आया कोई एफआईआर

धीरेन्द्र भट्टाचार्य / जयपुर। सटोरियों की गुंडागर्दी के मामले को लेकर शहरवासियों में जबर्दस्त खौफ है। इसका खुलासा सट्टा किंग मुन्ना तलवार और उसके खास गुर्गे गन्या की गिरफ्तारी के बाद हुआ। गिरफ्तार बदमाशों ने जेएलएन मार्ग पर जवाहर सर्किल थाना इलाके स्थित एक पांच सितारा होटल और जालूपुरा क्षेत्र में भी सट्टे के लेन-देन के मामले को लेकर फायरिंग की वारदात करना कबूल किया। मुन्ना की दहशत के चलते फारिंग की वारदात के बावजूद जालूपुरा और जवाहर सर्किल थाने में पीडि़तों ने रिपोर्ट तक दर्ज नहीं करवाई। गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में इन दोनों क्षेत्रों में भी फायरिंग का मामला सामने आने पर कमिश्नरेट ने इसे गंभीरता से लिया। पुलिस के पीडि़तों से संपर्क करने पर जालूपुरा में तो जानलेवा हमले के मामले में एक चश्मद्दीद के बयान के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली, लेकिन होटल में प्रशासन ने तो पुलिस को भी मामला दर्ज करवाने से साफ इनकार कर दिया।

सटोरियों की पार्टी में की फायरिंग
गिरफ्तारी के बाद मुन्ना तलवार ने पुलिस को पूछताछ में जेएलएन मार्ग स्थित एक पांच सितारा होटल में भी फायरिंग करना कबूली। पूछताछ में सामने आया कि दिसंबर में इस होटल के रूफ टॉवर पर प्रदेश के नामी सटोरियों की पार्टी थी, जिसमें सट्टे के लेन-देन के मामले को लेकर मुन्ना की एक अन्य सटोरिए से कहासुनी हो गई। इसको लेकर मुन्ना और गुर्गे गन्या ने फायरिंग कर दी थी। इसकी जानकारी सामने आने के बाद पुलिस ने भी होटल प्रशासन से फायरिंग के मामले में रिपोर्ट दर्ज करवाने के लिए कहा, लेकिन होटल प्रशासन ने इस मामले में किसी प्रकार की रिपोर्ट देने से साफ मना कर दिया।


जालूपुरा में भी पीडि़त मुकरा

19 जनवारी की रात मुन्ना तलवार और उसके साथी रामगंज, माणकचौक और आदर्श नगर थाना इलाके में सरेआम फायरिंग करने के बाद ये जालूपुरा में पहुंचे। यहां मुन्ना ने तेज रफ्तार से गाड़ी चलाते हुए पहले एक टैंपो के टक्कर मारी और फिर एक दुकान पर फायरिंग की थी। गिरफ्तारी के बाद मुन्ना के इस खुलासे के बाद पुलिस ने दुकान मालिक से संपर्क किया, लेकिन उसने रिपोर्ट दजे करवाने से मना कर दिया। इस पर पुलिस मौके पर मौजूद एक चश्मद्दीद को विश्वास में लेकर उससे रिपोर्ट दर्ज करवाई।