22 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

आमेट शहरी क्षेत्र में विकसित होगा नया पेयजल तंत्र

आमेट शहरी क्षेत्र में पेयजल संकट दूर होने की उम्मीद जगी है। अब तकनीकी स्वीकृति जारी होने के बाद निविदा प्रक्रिया शुरू की जाएगी। यह योजना करीब दो वर्ष में पूरी होगी। इसके पूर्ण होने के बाद करीब 16 हजार लोगों को लाभ मिलने की संभावना है।

2 min read
Google source verification

image

sandeep srivastava

May 01, 2016

p1

p1

आमेट शहरी क्षेत्र के लोगो के लिए अच्छी खबर। अब क्षेत्र में पेयजल संकट दूर होने की उम्मीद जगी है। इसके लिए जनस्वस्थ्य अभियांत्रिकी विभाग की ओरसे एक योजना मंजूर हुई है। इसके पूर्ण होने के बाद क्षेत्र में पेयजल संकट का स्थायी समाधान होने की संभावना है। वर्तमान में यहां 48 घंटे में जलापूर्ति हो रही है।

विभागीय नीति निर्धारण कमेटी की हाल ही जयपुर में हुई बैठक में इस योजना को मंजूरी दी गई। अब तकनीकी स्वीकृति जारी होने के बाद निविदा प्रक्रिया शुरू की जाएगी। यह योजना करीब दो वर्ष में पूरी होगी। इसके पूर्ण होने के बाद करीब 16 हजार लोगों को लाभ मिलने की संभावना है। उल्लेखनीय है कि वर्तमान में यहां बाघेरी परियोजना व विभागीय कुओं आदि से जलापूर्ति हो रही है।

बनेगे दो उच्च जलाशय
क्षेत्र में दो उच्च जलाशयों को निर्माण कराया जाएगा। इनकी क्षमता पांच लाख व ढाई लाख लीटर पानी की होगी। यहां से शहरवासियों को करीब साढ़े सात लाख लीटर पानी मिल सकेगा। इन जलाशयों के निर्माण पर करीब एक करोड़ 27 लाख रुपए खर्च होने का अनुमान है। योजना के तहत करीब नौ लाख 46 हजार रुपए की लागत से क्षेत्र में एक पम्पिंग हाउस का निर्माण भी कराया जाएगा।

बिछेगी पाइप लाइन
योजना के तहत शहरी क्षेत्र में करीब 52.6 किलोमीटर पाइप लाइन बिछासइ जाएगी। इसके तहत 2.6 किलोमीटर मुख्य पाइप लाइन बिछाई जाएगी। इसके अलावा चयनित क्षेत्रों में करीब 50 किलोमीटर वितरण पाइप लाइन बिछाई जाएगी। इनके माध्यम से शहरी क्षेत्र में पानी वितरित किया जाएगा। इस कार्य में करीब पांच करोड़ रुपए खर्च होने की संभावना है। इन कार्या के अलावा कार्यालय भवन, पम्पिंग हाउस सहित अन्य कार्य भी कराए जाएगे।


योजना मंजूर
विभागीय नीति निर्धारण कमेटी , जयपुर की ओरसे आमेट शहरी क्षेत्र के लिए करीब 17.66 करोड़ की योजना मंजूर की है। इसकी तकनीकी स्वीकृति जारी होने के बाद निविदा प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

ये भी पढ़ें

image