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परिंडा महोत्सव : ‘मन में है ठाना परिंदों को है बचाना’

जयपुर में बेजुबान पक्षियों के लिए जगह-जगह बांधे जा रहे हैं परिंडे

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जयपुर

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Savita Vyas

Mar 29, 2022

परिंडा महोत्सव : 'मन में है ठाना परिंदों को है बचाना'

परिंडा महोत्सव : 'मन में है ठाना परिंदों को है बचाना'

जयपुर। गर्मी का मौसम शुरू होते ही राजधानी जयपुर में बेजुबान पक्षियों के लिए जगह-जगह 'परिंडे लगाओ' अभियान जोर पकड़ रहा है। पेड़ों पर परिंडों में पानी के साथ बेजुबान पक्षियों के लिए दाना भी डाला जा रहा है। इस नेक काम में सामाजिक संस्थाएं ही नहीं, बल्कि चिकित्सक भी आगे आ रहे हैं।
राजस्थान जनमंच ट्रस्ट एवं पक्षी चिकित्सालय की ओर से जवाहर नगर में परिंडा महोत्सव का आयोजन किया गया। महासचिव कमल लोचन ने बताया कि पशु—पक्षियों के कल्याण के क्षेत्र में कार्य करने वाले 17 लोगों को सम्मानित किया गया। संयोजक रवि खत्री ने बताया कि 251 परिंडों का वितरण किया गया।

परिंडे लगाने का लिया संकल्प
कार्यक्रम की विशिष्ट अतिथि डाॅ.कविता गोयल ने बताया कि पक्षियों के लिए हर साल परिंडे बांधती हैं। इस बार भी विभिन्न जगहों पर परिंडे बांधकर उनमें दाना-पानी डालने का संकल्प लिया है। साथ ही लोगों को भी संदेश दिया कि सभी बेजुबान पशु-पक्षियों की सेवा के लिए आगे आएं। साथ ही इन परिंदों को भी जीवित रखने के लिए परिंडे बांधकर उनमें दाना-पानी की व्यवस्था करें। कार्यक्रम में अध्यक्ष रमेश चंद्र गंगवाल, मुख्य अतिथि चंद्र प्रकाश राणा, पार्षद महेश सैनी, लक्ष्मण सिंह, हिमांशु जैन व महेश सैनी सहित अन्य पर्यावरणविद् मौजूद थे।

जवाहर सर्किल पर लगाए 101 परिंडे
इधर, जवाहर सर्किल पर सत्यचक्र सोशल फाउंडेशन की ओर से 101 परिंडे लगाए गए। साथ ही दाना-पानी की व्यवस्था की गई। वहीं, झोटवाड़ा स्थित कुमावत कॉलोनी में स्थानीय लोगों ने पेड़ों पर परिंडे बांधे व घर की छतों पर भी परिंडे रखे। इस अवसर पर डाॅ.नरेंद्र भूषण सिंह ने बताया कि पर्यावरण के साथ ही मानव जाति के लिए भी परिंदों का जिंदा रहना जरूरी है।