प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की वर्ष 2016 की पहली मन की बात में रविवार को कोटा मंडल के सवाई माधोपुर जंक्शन का भी उल्लेख हुआ। उन्होंने कहा, कई जगह स्थानीय नागरिक, स्थानीय कलाकार अपने-अपने शहर का रेलवे स्टेशन सजाने में लगे हैं। स्थानीय कला को केंद्र में रखते हुए दीवारों पर पेटिंग की है।
उन्होंने कहा, हजारीबाग स्टेशन पर आदिवासी महिलाओं ने सोहराई और कोहबर आर्ट से पूरे स्टेशन को सज़ा दिया है। इधर, राजस्थान से भी ऐसी खबरें आ रही हैं। कोटा मंडल के सवाई माधोपुर जंक्शन भी उनमें है। ऐसा लग रहा है कि हमारे रेलवे स्टेशन अपने आप में परम्पराओं की पहचान बन जाएंगे। ऐसे में हर कोई अब खिड़की से चाय-पकौड़े की लॉरी वालों को नहीं ढूंढ़ेगा।
ट्रेन में बैठे-बैठे दीवार पर देखेगा कि यहां की विशेषता क्या है।
सूत्रों के अनुसार हाल में सवाई मधोपुर जंक्शन का स्वरूप रणथम्भौर टाइगर सेंचुरी की तर्ज पर निखारा गया है। स्टेशन पर जाते ही सेंचुरी के शहर में आने का आभास होता है। रेल मंत्री सुरेश प्रभू का 3 फरवरी को सवाई माधोपुर आने का कार्यक्रम प्रस्तावित है। ये यहां स्टेशन के कायाकल्प के कार्यों का लोकार्पण करेंगे। यहीं से बूंदी स्टेशन पर स्थापित सौर ऊर्जा प्लांट का भी उद्घाटन करेंगे।