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जोधपुर से बाड़मेर के रास्ते जैसलमेर पहुंचा जहर

जैसलमेर के झिनझिनयाली थाना क्षेत्र में पकड़ी गई अवैध शराब की फैक्ट्री के मामले में आरोपित मोहनसिंह ने पुलिस की पूछताछ में कई राज उगले हैं। पुलिस का दावा है कि पूछताछ में आरोपित ने अवैध शराब बनाने में प्रयुक्त स्प्रिट बाड़मेर से लाए जाने की बात स्वीकारी है। यह जोधपुर से एक ट्रांसपोर्ट कम्पनी के जरिए
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Bajrang Lal

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Updated: 11 Apr 2016, 4:14 PM IST

poisonous wine

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जैसलमेर के झिनझिनयाली थाना क्षेत्र में पकड़ी गई अवैध शराब की फैक्ट्री के मामले में आरोपित मोहनसिंह ने पुलिस की पूछताछ में कई राज उगले हैं। पुलिस का दावा है कि पूछताछ में आरोपित ने अवैध शराब बनाने में प्रयुक्त स्प्रिट बाड़मेर से लाए जाने की बात स्वीकारी है। यह जोधपुर से एक ट्रांसपोर्ट कम्पनी के जरिए बाड़मेर आया।

पुलिस ने बताया कि जहरीली शराब के मामले में गिरफ्तार बाबाजी का फांटा तेजरावा निवासी मोहनसिंह से झिनझिनयाली थानाधिकारी जगतसिंह, सदर पुलिस थानाधिकारी सुमेरसिंह तथा खुहड़ी थानाधिकारी नरपतसिंह की ओर से गहन पूछताछ की गई। इसमें उसने बताया कि उसके निवास से आबकारी विभाग की ओर से अवैध अंग्रेजी शराब बनाने में प्रयुक्त जो स्प्रिट बरामद की गई थी, उसे वह स्वयं और दुर्जनसिंह निवासी म्याजलार लोडिंग टैक्सी किराए पर लेकर बाड़मेर से लाए थे। जहां बाड़मेर से मोहनसिंह के पुत्र गणपतसिंह ने विश्वकर्मा फ्राइट सर्विसेज से टैक्सी में स्प्रिट का ड्रम भरवाया था। बाड़मेर ट्रांसपोर्ट ऑफिस पहुंच रिकॉर्ड आदि की जांच करने पर स्प्रिट का ड्रम इसी ट्रांसपोर्ट कम्पनी के दल्ले खां की चक्की के पास जोधपुर से भिजवाए जाने की बात सामने आई।

लेबल व ढक्कन की तलाश
पुलिस ने शराब के लिए प्रयुक्त होने वाली प्लास्टिक की बोतलें बाड़मेर स्थित महावीर स्प्रिंक्लर्स में बनने का खुलासा शनिवार को किया। मोहनसिंह के पुत्र गणपतसिंह के ऑर्डर पर बनी 7700 बोतलें शनिवार को जब्त भी की गई। अब पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि शराब की बोतलों के ढक्कन व लेबल आरोपित कहां से लाते थे। सूत्रों ने बताया कि बोतलों के ढक्कन राज्य से बाहर से लाए जाते थे। लेबल तैयार करने के मामले में पुलिस आरोपित मोहनसिंह से पूछताछ कर रही है, लेकिन अभी तक इस संबंध में ठोस जानकारी नहीं मिल पाई है। अंदेशा है कि लेबल की प्रिंटिंग बाड़मेर में करवाई गई।

2900 बोतल की आपूर्ति की आशंका
महावीर स्प्रिंक्लर्स बाड़मेर में बनी 4400 खाली बोतलों की डिलीवरी आरोपित मोहनसिंह ने ले ली थी, जिसमें से 1500 बोतल अवैध शराब बनाने वाली फैक्ट्री में मिल गई थी। अंदेशा है कि शेष 2900 बोतलों में जहरीली शराब भरकर उसकी आपूर्ति कर दी गई। जिससे बाड़मेर के बिशाला व गडरारोड क्षेत्र में 18 जनों की मौत हो गई और 55 जने अस्पताल पहुंच गए।