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Rajasthan Government Mining: राजस्थान सरकार बढ़ाएगी राजस्व, 53 रॉयल्टी ठेकों से 400 करोड़ की वसूली

राजस्थान सरकार ने खनन पट्टों से निकलने वाले खनिज पर देय राजस्व की वसूली के लिए 27 स्थानों के 53 रॉयल्टी ठेकों की ई-प्लेटफार्म पर नीलामी प्रकिया शुरु कर दी है। रायल्टी नाकों की ऑनलाईन नीलामी भारत सरकार के ई-पोर्टल पर 19 अक्टूबर से 21 अक्टूबर तक होगी।

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Rajasthan Government Mining: राजस्थान सरकार बढ़ाएगी राजस्व, 53 रॉयल्टी ठेकों से 400 करोड़ की वसूली

Rajasthan Government Mining: राजस्थान सरकार बढ़ाएगी राजस्व, 53 रॉयल्टी ठेकों से 400 करोड़ की वसूली

राजस्थान सरकार ने खनन पट्टों से निकलने वाले खनिज पर देय राजस्व की वसूली के लिए 27 स्थानों के 53 रॉयल्टी ठेकों की ई-प्लेटफार्म पर नीलामी प्रकिया शुरु कर दी है। रायल्टी नाकों की ऑनलाईन नीलामी भारत सरकार के ई-पोर्टल पर 19 अक्टूबर से 21 अक्टूबर तक होगी। अतिरिक्त मुख्य सचिव माइंस, पेट्रोलियम एवं जलदाय डॉ. सुबोध अग्रवाल ने बताया कि माइंस विभाग द्वारा जारी खनन पट्टों से निकाले जाने वाले खनिज पर वसूल किए जाने वाले रॉयल्टी कलेक्शन कॉन्ट्रेक्ट (आरसीसी), एक्सेस रॉयल्टी कलेक्शन कॉन्ट्रेक्ट (ईआरसीसी), जिला स्तरीय मिनरल फाउण्डेशन ट्रस्ट (डीएमएफटी), राज्य स्तरीय मिनरल एक्सप्लोरेशन ट्रस्ट (आरएसएमईटी) आदि के लिए दिए जाएंगे। 400 करोड़ रुपए से अधिक की आरक्षित राशि के इन ठेकों की ई-नीलामी सूूचना 8 अक्टूबर को जारी कर दी गई थी।

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इन जिलों में दिए जाएंगे ठेके


आरसीसी, ईआरसीसी, डीएमएफटी और आरएसएमईटी वसूली के यह ठेके विभिन्न जिलों में 27 खनि अभियंताओं, सहायक खनि अभियंताओं के क्षेत्राधिकार की खानों से राजस्व वसूली से संबंधित हैं। इनमें जयपुर, अजमेर, जोधपुर, बाड़मेर, सिरोही, नागौर, भीलवाड़ा, झुन्झुनू, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, प्रतापगढ़, निम्बाहेड़ा, आमेट, कोटा, करौली, सोजत सिटी, ब्यावर, बूंदी, चित्तोडगढ़, दौसा, कोटपूतली, अलवर, डूंगरपुर, राजसमंद, झालावाड, बारां, चुरु, रुपवास, रामगंजमण्डी, जैसलमेर व टोंक जिले में स्थित खननपट्टों, क्वारी लाईसेंसों, व परमिट क्षेत्रों में विभिन्न खनिजों की रॉयल्टी आदि वसूली से संबंधित हैं।

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नीलामी के बाद नहीं हो सकेंगे ठेके हस्तांतरण


यह ठेके मुख्यतः माइनर मिनरल्स ग्रेनाइट, जिप्सम, मारबल, मेसेनरी स्टोन, क्वार्टज, फैल्सपार, केलस्टाइन, सोपस्टोन, सिलिका सेंड, चेजा पत्थर, डायमंशनल स्टोन, केओलिन, रायोलाइट, रेड ऑका, येलो ऑकर, पट्टी कातला, चायना क्ले, वाइट क्ले, साधारण खडिया आदि की खानों से आरआरसी, ईआरआरसी, डीएमएफटी, आरएसएमईटी आदि के शुल्क, अधिशुल्क वसूली के लिए दिए जा रहे हैं। ई-प्लेटफार्म पर पारदर्शी व्यवस्था से नीलामी से स्वस्थ्य प्रतिस्पर्धा होने के साथ ही राजस्व वृद्धि की भी संभावना हो जाती है। नीलामी के बाद ठेका किसी अन्य को हस्तांतरण, सबलेट तथा सरेण्डर नहीं किया जा सकेगा।

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देश-दुनिया से ले सकेंगे ई-नीलामी में हिस्सा


देश-दुनिया में कहीं से भी कोई भी व्यक्ति इस ई-नीलामी प्रक्रिया में हिस्सा ले सकेंगे। इसके लिए माइंस विभाग ने ई-ऑक्शन की पारदर्शी व्यवस्था से राज्य के 53 रॉयल्टी ठेकों की ई-नीलामी के लिए विभागीय वेबसाइट पर विस्तृत जानकारी के साथ ही भारत सरकार द्वारा खनिजों के नीलामी के ऑनलाईन एमएसटीसी पोर्टल पर ई-नीलामी की जानकारी उपलब्ध कराई गई है। ई-ऑक्शन में हिस्सा लेने वाले इच्छुक व्यक्तियों को भारत सरकार के पोर्टल पर पंजीयन कराना होगा, वहीं पहले से पंजीकृत व्यक्ति, फर्म या कंपनी को दोबारा पंजीयन की आवश्यकता नहीं होगी।