मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने जैसलमेर में राजस्थान गौरव यात्रा के दौरान 24 अगस्त को जमीन आवंटन से रोक हटाने की घोषणा की थी। इसके बाद राजस्व विभाग ने इसका प्रस्ताव बनाकर कैबिनेट के समक्ष पेश किया। मंगलवार शाम को कैबिनेट सर्कुलेशन से इसको मंजूरी दे दी गई। अब जिलावासियों को जमीन आबंटित करने का रास्ता खुल गया है। गौरतलब है कि जैसलमेर जिले में लाखों-करोड़ों बीघा बारानी भूमि उपलब्ध है। सरकार के इस निर्णय से जहां लोगों को यह जमीन मिल सकेगी, वहीं अस्पताल, स्कूल्स, कार्यालयों, सडक़ व
रेल लाइन के लिए भी बारानी भूमि देना अब संभव होगा। जमीन आवंटन नियमों के तहत उपनिवेशन आयुक्त जैसलमेर को करना होगा।