7 फ़रवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Rajasthan: राजस्थान के लिए बड़ी खुशखबरी, यमुना जल परियोजना से मिलेगा सबसे ज्यादा पानी, केंद्रीय मंत्री ने किया ऐलान

जयपुर में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल ने कहा कि सिंधु जल संधि के तहत पाकिस्तान को अब पानी नहीं दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस संबंध में डीपीआर तैयार की जा रही है, जिससे कई राज्यों को जल संकट से राहत मिलेगी।

2 min read
Google source verification
Union Jal Shakti Minister, CR Patil, Indus Water Treaty, Yamuna Water Project, water in Rajasthan, Jaipur News, Rajasthan News, केंद्रीय जल शक्ति मंत्री, सीआर पाटिल, सिंधु जल संधि, यमुना जल परियोजना, राजस्थान में पानी, जयपुर न्यूज, राजस्थान न्यूज

प्रेसवार्ता को संबोधित करते केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल। फोटो- पत्रिका नेटवर्क

जयपुर। केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि सिंधु जल संधि के तहत पाकिस्तान को अब पानी नहीं दिया जाएगा। शनिवार को जयपुर स्थित भाजपा मुख्यालय में केंद्रीय बजट पर आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले अप्रेल में इस संधि को स्थगित करने का निर्णय लिया था और अब इस दिशा में आगे की कार्रवाई जारी है।

तैयार हो रही डीपीआर

एक प्रश्न के उत्तर में पाटिल ने बताया कि जल प्रबंधन को लेकर विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार की जा रही है। उन्होंने दोहराया कि भविष्य में पाकिस्तान को एक बूंद पानी भी नहीं मिलेगा। हालांकि वर्तमान में जो पानी छोड़ा जा रहा है, उसके बारे में उन्होंने टिप्पणी करने से परहेज किया और कहा कि उचित समय आने पर जानकारी दी जाएगी। पाटिल ने कहा कि तैयार की जा रही डीपीआर का लाभ हरियाणा, पंजाब, दिल्ली और राजस्थान को मिलेगा। इससे इन राज्यों की जल समस्या में राहत मिलने की उम्मीद है।

भारत की आर्थिक स्थिति लगातार मजबूत हुई

देश की अर्थव्यवस्था पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि बीते 12 वर्षों में भारत की आर्थिक स्थिति लगातार मजबूत हुई है और महंगाई पर नियंत्रण रखा गया है। पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि एक प्रतिष्ठित अर्थशास्त्री होने के बावजूद उनके कार्यकाल में भारत वैश्विक आर्थिक रैंकिंग में 10-11वें स्थान से आगे नहीं बढ़ सका, जबकि वर्तमान में भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है।

सकारात्मक परिणाम सामने आने की उम्मीद

यमुना जल परियोजना पर चर्चा करते हुए पाटिल ने कहा कि राजस्थान का इस पानी पर अधिकार होने के बावजूद पूर्ववर्ती सरकारों ने पर्याप्त प्रयास नहीं किए। अब हरियाणा और राजस्थान सरकार के बीच डीपीआर तैयार करने पर सहमति बन चुकी है और जल्द ही काम शुरू होने की संभावना है।

उन्होंने बताया कि पाइपलाइन के माध्यम से पानी लाने की इस महत्वाकांक्षी योजना पर 77 हजार करोड़ से लेकर 1 लाख करोड़ रुपए तक खर्च आने का अनुमान है। उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान में राजस्थान के पास सबसे कम पानी है, लेकिन आने वाले समय में सबसे अधिक पानी राजस्थान के पास होगा। मुख्यमंत्री इस मुद्दे पर केंद्र सरकार के साथ निरंतर संवाद में हैं और इसके सकारात्मक परिणाम सामने आने की उम्मीद है।