
जयपुर। सवाई मानसिंह अस्पताल ने एक बार फिर जटिल सर्जरी में अपनी विशेषज्ञता का परिचय दिया है। अस्पताल के सर्जरी विभाग में 18 वर्षीय युवती के पेट से करीब 10 किलोग्राम वजनी भारी गांठ को सफलतापूर्वक निकालकर डॉक्टरों ने उसकी जान बचाई। युवती पिछले छह महीनों से पेट दर्द और लगातार बढ़ती गांठ की समस्या से परेशान थी। कई अस्पतालों में इलाज कराने के बावजूद राहत नहीं मिलने पर अंततः वह एसएमएस अस्पताल पहुंची।
सर्जरी विभाग में डॉ. शालू गुप्ता की यूनिट में भर्ती मरीज की जांच में सामने आया कि गांठ पेट के दाहिनी ओर लिवर, किडनी, डायफ्राम, साथ ही पेट की बड़ी महाधमनी और अधोशिरा(आईवीसी) से चिपकी हुई थी, जिससे ऑपरेशन अत्यंत जोखिमपूर्ण हो गया था। विशेष बात यह रही कि मरीज को इसी बीमारी के चलते 12 वर्ष पूर्व भी ऑपरेशन करवाना पड़ा था। सर्जरी को डॉ. शालू गुप्ता, डॉ.बी.एल.यादव और सीटीवीएस विशेषज्ञ डॉ. हेमलता के नेतृत्व में अनुभवी सर्जिकल टीम ने अंजाम दिया। टीम में डॉ. योगेंद्र धधीच, डॉ. पंकज पोरवाल, डॉ. नमोनारायण और डॉ. राजेश की अहम भूमिका रही। एनेस्थीसिया टीम में डॉ. सुशील भाटी, डॉ. कंचन, डॉ. सुनील चौहान और डॉ. मनोज शामिल थे। ऑपरेशन के पांचवें दिन पूर्णतः स्वस्थ होने पर उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
Updated on:
01 Feb 2026 01:55 pm
Published on:
01 Feb 2026 01:55 pm
