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नशा करने से गले में बनने लगती गांठें, समय पर लें उपचार

कोरोना मरीजों में भी गले में खराश या टॉन्सिल्स में संक्रमण के कारण लिम्फ नोड्स हो सकते हैं।

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नशा करने से गले में बनने लगती गांठें, समय पर लें उपचार

नशा करने से गले में बनने लगती गांठें, समय पर लें उपचार

वायरल या बैक्टीरियल इंफेक्शन की वजह से गले में सूजन आना आम समस्या है। कई बार सूजन के साथ गांठ भी महसूस होने लगती है। यह लिम्फ नोड्स या अन्य प्रकार की गांठें हो सकती हैं। सामान्यत: 80 से 90 फीसदी लिम्फ नोड्स संक्रमण के कारण बनती हंै, जो सप्ताहभर में ठीक हो जाती हैं। यदि लंबे समय तक गांठ बनी या बढ़ रही है, गांठ के ऊपर की त्वचा का रंग बदलने लगे या बुखार आ रहा है तो इसे हल्के में न लें। यह किसी गंभीर रोग के संकेत या थाइरॉइड की समस्या भी हो सकती है। कोरोना मरीजों में भी गले में खराश या टॉन्सिल्स में संक्रमण के कारण लिम्फ नोड्स हो सकते हैं। धूम्रपान या अल्कोहल आदि नशा करने वालों के लिम्फनोड्स में कैंसर की आशंका बढ़ जाती है।

एक्सपर्ट कमेंट
गले में खराश या दर्द महसूस हो रहा है तो ठंडी एवं खट्टी चीजें कम खाएं। गुनगुना पानी पीएं। साथ ही दिन में दो बार गुनगुने पानी में नमक डालकर गरारे करें। इससे आराम मिलेगा। यदि फिर भी समस्या है तो डॉक्टर से परामर्श लेकर उचित इलाज लें।
- डॉ. शुभम अग्रवाल, सहायक आचार्य (ईएनटी) एसएमएस मेडिकल कॉलेज, जयपुर