13 फ़रवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

आज मध्यरात्रि बाद सूर्यदेव होंगे दक्षिणायन, कल होगा साल का सबसे लंबा दिन, इन राशि वालों की चमकेगी किस्मत

Longest Day of the Year 2024 : खगोलीय मंडल में ग्रहों के अधिपति और खाद्यान्न मंत्री सूर्यदेव गुरुवार देर रात 2.21 बजे से दक्षिणायन होंगे।

2 min read
Google source verification

जयपुर

image

Kirti Verma

Jun 20, 2024

Longest Day of the Year 2024 : खगोलीय मंडल में ग्रहों के अधिपति और खाद्यान्न मंत्री सूर्यदेव गुरुवार देर रात 2.21 बजे से दक्षिणायन होंगे। उनके दक्षिण दिशा की ओर रूख करने के चलते अगले छह महीने सभी राशि के जातकों के लिए विशेष फलदायी होंगे। साथ ही वर्षा ऋतु की शुरुआत भी होगी।

ज्योतिषाचार्य पं.दामोदर प्रसाद शर्मा के मुताबिक आकाशीय सत्ता में होने वाले इस बदलाव से शुक्रवार को इस वर्ष सबसे बड़ा दिन और सबसे छोटी रात होगी। इस दौरान दिन की अवधि 13 घंटे 42 मिनट और रात करीब 10 घंटे 18 मिनट की होगी। पंचांगीय गणित के अनुसार जयपुर में सूर्योदय सुबह 5.37 बजे और सूर्यास्त शाम 7.19 बजे होगा। धार्मिक दृष्टि से दक्षिणायन का काल देवताओं के लिए रात्रि और उत्तरायण का काल दिन माना जाता है।

पं. शर्मा ने बताया कि खगोलीय मंडल में परिभ्रमण पथ के दौरान 21 जून को सूर्य कर्क रेखा पर लंबवत हो जाएंगे। पृथ्वी का अक्षीय झुकाव सूर्य की ओर अधिकतम होने पर दिन की अवधि बढ़ जाती है। कर्क रेखा राजस्थान के बांसवाड़ा के क्षेत्र से होकर गुजरती है। अत: वहां दोपहर में जीरो शेड डे रहेगा यानि छाया की लंबाई एक सेंटीमीटर से भी कम रहेगी। जयपुर में भी दोपहर करीब 12.28 बजे इंसान की परछाई घट जाएगी। उन्होंने बताया कि सूर्यदेव 21 जून की मध्यरात्रि 12.06 बजे आद्रा नक्षत्र में प्रवेश करेंगे। 27 नक्षत्रों में आर्द्रा नक्षत्र को जीवनदायिनी नक्षत्र माना है। इससे चातुर्मास के दौरान बारिश का भी आंकलन किया जाता है। कालगणना के मुताबिक प्रदेश और देशभर में अच्छी बारिश के योग हैं। राजस्थान में दक्षिणी राजस्थान में अच्छी बारिश तथा पूर्वी राजस्थान में मध्यम से अच्छी बारिश होने के आसार हैं।

वर्षा ऋतु की भी होगी शुरुआत
ज्योतिषाचार्य पं.पुरुषोत्तम गौड़ के मुताबिक सूर्य के सायन कर्क रेखा में भ्रमण करने को ही सूर्य का दक्षिणायन होना माना गया है। इस चलते वर्षा ऋतुु की शुरुआत के साथ ही भारत सहित उत्तरी गोलार्द्ध में स्थित सभी देशों में सबसे बड़ा दिन तथा रात सबसे छोटी होगी। सूर्यदेव 21 दिसंबर तक दक्षिणायन ही रहेंगे। इस बीच वर्षा, शरद व हेमंत ऋतु का आगमन होगा। साथ ही दिन धीरे-धीरे छोटे और रातें लंबी होने लगेंगी।

यह भी पढ़ें : राजस्थान में एक चमत्कारी हनुमान मंदिर ऐसा भी, जहां ईंट-पत्थर चढ़ाने की है परंपरा