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Aaj Ka Rashifal 5 September : जानिए आज क्या कहता है आपका भाग्य बता रहे हैं तीन ज्‍योतिषाचार्य

पढ़े तीन ज्‍योतिषियों से राशिफल स‍मेत फैमिली एस्‍ट्रो स्‍पेशल सिर्फ पत्रिका पर

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जयपुर

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Riya Kalra

Sep 04, 2023

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आपके सवालों के जवाब फैमिली एस्ट्रो स्पेशल पर
ज्योतिषाचार्य: पं. मुकेश भारद्वाज के साथ

यहां पाएं चार तरह की एस्ट्रो विधाओं के टिप्स
1). अंकगणित
2). टैरो कार्ड
3). वैदिक ज्योतिष (सनसाइन-मूनसाइन)
4). वास्तु शास्‍त्र
यह कॉलम उन पाठकों के लिए है जो ज्योतिष शास्त्र के माध्यम से भविष्य के पूर्वानुमानों में भी रुचि रखते हैं। भविष्य के पूर्वानुमान लगाने की लगभग सभी लोकप्रिय विधाओं को समाहित कर इस क्षेत्र में रुचि रखने वाले पाठकों के लिए यह देश में एक नए तरह की पहल है। जिसमें पाठक ना केवल दिन से जुड़ी सम्भावनाओं की जानकारी लें सकेगें साथ ही भविष्य से जुड़े प्रश्न भेज पूर्वानुमान प्राप्त कर सकेगें।
इस कॉलम में अंकगणित टैरो कार्ड, सनसाइन, वैदिक ज्योतिष एवं मून साइन के अनुसार ग्रह नक्षत्र के समग्र प्रभाव का पूर्वानुमान और संभावना पर लगातार जानकारियों को साझा करेंगे।

ज्योतिषाचार्य: पं. मुकेश भारद्वाज

अंक ज्योतिष के अनुसार आज का मूलांक 5 है , और भाग्यांक तीन है जो कि दो और एक के सहयोग से बना है। इसके मायने यह है कि आज के दिन में व्यावसायिक गतिविधियां तेज गति से चलेगी बैंकिंग शेयर मार्केट और वाणी के क्षेत्र में कार्य करने वाले लोगों को विशेष सफलता मिलने की संभावना है। इन विषयों पर पहले से बनाई गई योजनाएं सही तरीके से क्रियान्वयन हो पाएंगी। उनके प्रभाव से लाभ या आर्थिक गतिविधियां तेज हो सकेंगीं ,प्रबंधन के क्षेत्र में कार्य करें। लोग भी अपने लक्षण को अचीव करने में सफल रहेंगे वे सभी लोग जो सूक्ष्म दृष्टि रखेंगे या अपने अंतर्दृष्टि का उपयोग करेंगे आज प्रतिद्वंदियों की अपेक्षा ज्यादा सफल रहेंगे। मूलांक 1 2 3 5 7 और 9 वालों के लिए आज का दिन विशेष रह सकता है।


सनशाइन के अनुसार आज का दिन कार्य स्थल पर बहुत तेज गति से कार्य करने का रहेगा। एक दूसरे के साथ प्रतिस्पर्धात्मक दृष्टि रखते हुए भी अंतिम निर्णय से पहले बड़ा आने पर एक दूसरे के सहयोग के कारण लगभग सभी लोगों को जो टीमवर्क में कम कर रहे हैं ऊंचे दर्जे की सफलता मिलने की संभावना रहेगी, सिर्फ आर्थिक बल्कि अन्य प्रकार की प्रतिष्ठा और नीतिगत सफलता मिलने की संभावना भी है। आज का दिन उच्च अधिकारियों और सबोर्डिनेट्स के बीच बेहतर तालमेल का रहेगा। कुछ छिद्रान्वेषी और चाटुकार माहौल बिगड़ने का प्रयास कर सकते हैं। सावधान रहें।


मून साइन के अनुसार आज का दिन भावनात्मक संबंधों में एक दूसरे की प्रतिभा के अनुसार उन्हें मदद करते हुए उनके करियर को और बेहतर बनाने के प्रयासों में योग्यता बढ़ाने के प्रयास तकनीकी दक्षता और भाषा विशेषज्ञता पर कार्य करते हुए सहायता समर्पण और प्रेम दर्शाने के नए स्वरूप के साथ जुड़ा हुआ दिन है।

विद्यार्थी राशिफल : विद्यार्थियों के लिए आने वाला सप्ताह थोड़े लापरवाही से जुड़ा हुआ हो सकता है। विभिन्न कार्यक्रमों या अन्य प्रकार के ज्ञान और अनुभव को प्राप्त करने मैं मुख्य विषय से दूरी हो सकती है. इसके फायदे नुकसान दोनों हैं सप्ताह का मध्य भाग बेहद व्यस्त रह सकता है और सप्ताह के अंत में विषयों से दूरी का अहसास होते ही ,इससे पहले की देर हो जाए अपनी मुख्य धारा में लौटने के प्रयास करने होंगे।


टैरो कार्ड में आज का कार्ड द सन के साथ फाइव आफ पेंटाकल्स है। इसके मायने यह है कि आज का दिन दूसरों पर आपके विश्वास और ज्ञान की जीत के साथ आपका बड़प्पन और उदारता को सामने लाने का हो सकता है। आज अल्पकालीन योजनाएं बनाने की अपेक्षा अपने दीर्घकालीन लक्षण के प्रति ज्यादा सोचना चाहिए ,इससे आपके भविष्य को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। उदारता पूर्वक किया गया आपका व्यवहार लंबे समय तक आपकी प्रतिष्ठा को बनाने में मददगार साबित होगा।


शिव जी के रुद्राभिषेक से आध्यात्मिक और वैज्ञानिक तौर पर क्या लाभ हो सकते हैं ?
सनातन की दृष्टि से भगवान शिव की आराधना का अर्थ है ,कि ईश्वर किसी एक स्थान पर न होकर कण-कण में विद्यमान है और इसी क्रम में जब हम भगवान शिव की प्रार्थना के रूप में रुद्री पाठ करते हैं और उसके साथ पांच द्रव्यों से भगवान शिव का अभिषेक करते हैं ,तो ऐसा मानते हैं की रुद्री पाठ के समय जो स्वर जो वाणी जो मंत्रों के प्रभाव से प्रकृति के अंदर साउंड एनर्जी के माध्यम से जो प्रक्षेपण होता है। जो प्रार्थनाएं की जाती हैं वह लक्षित जगह पर पहुंचती है और प्रकृति से उनका सकारात्मक जवाब मिलता है। रुद्राभिषेक एक साउंड एनर्जी और जल तत्व क्रिया इनका एक संपूर्ण रूप से मंथन प्रक्रिया है ,जैसे समुद्र मंथन के समय विभिन्न प्रकार के द्रव्यों की प्राप्ति हुई थी। ऐसे ही रुद्राभिषेक के समय एक छोटे रूप में किए गए मंत्रोच्चार और हमारी भावनाओं और प्रार्थनाओं का सकारात्मक प्रभाव करने वाले लोगों या जिनके लिए यह प्रार्थना की जा रही है उन तक पहुंचता है।

ज्यो पं चंदन श्यामनारायण व्यास पंचांगकर्ता

मेष - किसी को भी नीचा दिखाने की कोशिश ना करें। अपने व्यवहार को नम्र बनाएं। संतान की उन्नति में आ रही बाधा दूर होगी। बहनों से संबंधों में कटुता आएगी। संपत्ति से संबंधित विवाद बड़ा रूप ले सकते हैं।

वृषभ - व्यापार पर कर्ज की अधिकता से तनाव बढ़ सकता है। अपनी आदतों के कारण आप लोगों से पीछे हैं। समय रहते अपनी आदतों को सुधारें। व्यापार पर अधिक ध्यान देने की जरूरत है। पुराने विवाद उभर सकते हैं।

मिथुन- प्रेम प्रसंग के कारण पारिवारिक माहौल तनावपूर्ण रहेगा। भाइयों का सहयोग मिलने से रुके कार्य पूरे होंगे। मकान दुकान की मरम्मत पर धन खर्च होगा। सामाजिक आयोजनों में सहभागिता होगी।

कर्क - परिजनों द्वारा आपके किए कार्यों की सराहना होगी। लंबे समय से अटके संपत्ति के विवाद आपसी सहमति से हल होंगे। पैरों में चोट आ सकती है। गले से संबंधित पीड़ा बनी रहेगी। व्यापार में नए अनुबंध होंगे।

सिंह - किसी की सुनी सुनाई बातों पर ध्यान न दें अपने विवेक से कार्य करें। संतो के मार्गदर्शन से जीवन की दशा एवं दिशा बदल सकती है। आध्यात्मिक उन्नति होगी, धर्म-कर्म में रुचि बढ़ेगी।

कन्या - अपने व्यवहार से सभी का दिल जीत लेंगे। कार्य की अधिकता से निजी जीवन पर प्रभाव पड़ेगा। किसी अनजान व्यक्ति से संबंध मधुर बनेंगे। आज पड़ोसियों से विवाद की स्थिति निर्मित होगी। वाहन पर खर्च होगा।

तुला_ साझेदारी से लाभ होगा। बिना सोचे समझें आर्थिक निवेश से बचें। जल्दबाजी में कोई भी निर्णय न लें। अपनों से बड़ों का मार्गदर्शन नुकसान होने से बचा सकता है। झूठ बोलने से बचें। अध्ययन के लिए विदेश जाने के योग बन रहे हैं।

वृश्चिक -व्यस्तता के कारण परिवार को समय नहीं दे पा रहे हैं। स्वास्थ्य पर खर्च होगा मकान दुकान की साज-सज्जा पर धन खर्च होगा। किसी योग्य व्यक्ति के मार्गदर्शन से रुके कार्य पूरे होंगे। किसी कार्य को करने के लिए आपका अनुभव काम आएगा।

धनु-अपने रहन-सहन में बदलाव लाने की जरूरत है। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही ना करें ,अपनी भावनाओं पर काबू रखें। खर्चीले व्यवहार पर नियंत्रण रखें। कार्यस्थल पर लोग आपके गलती करने का इंतजार करेंगे।

मकर- सामाजिक मान प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। कुछ नया करने की चाह आगे बढ़ने में मददगार साबित होगी। पुराना रुका धन मिलेगा, मन प्रफुल्लित होगा। प्रेम प्रसंग के कारण घर का माहौल तनावपूर्ण हो सकता है।

कुंभ- अपने इच्छा शक्ति को मजबूत करें। किसी काम को करने के लिए पहले एक चित्त होकर निर्णय लें। आप स्वयं पशोपेश में है , कि काम करूं या ना करूं। आर्थिक स्थिति में सुधार होगा। आपकी क्षमता से अधिक खर्च होगा।

मीन- नौकरी करें या व्यवसाय करें इसी दुविधा में रहेंगे। कार्यस्थल पर मामूली टूट-फूट संभव है। धार्मिक गतिविधियों में समय व्यतीत होगा। किसी संपत्ति के क्रय-विक्रय में आ रहे हो , अवरोध दूर होंगे।

ग्रह-नक्षत्र ज्योतिर्विद: पं. घनश्यामलाल स्वर्णकार

शुभ वि. सं: 2080
संवत्सर का नाम : पिङ्गल
शाके सम्वत: 1945
हिजरी सम्वत: 1445
मु. मास: सफर-18
अयन: दक्षिणायण
ऋतु: शरद्
मास: भाद्रपद
पक्ष: कृष्ण


शुभ मुहूर्त: उपर्युक्त शुभाशुभ समय, तिथि, वार, नक्षत्र व योगानुसार आज कृतिका नक्षत्र में सगाई व रोका आदि के यथाआवश्यक मुहूर्त हैं।


श्रेष्ठ चौघडि़ए: आज प्रात: 09-18 से दोपहर बाद 01-55 तक क्रमश: चर, लाभ व अमृत तथा अपराह्न 03-33 से सायं 05-06 तक शुभ के श्रेष्ठ चौघडि़ए हैं एवं दोपहर 12-01 से दोपहर 12-50 अभिजित नामक श्रेष्ठ मुहूर्त है, जो आवश्यक शुभकार्यारम्भ के लिए अत्युत्तम हैं।


आज जन्म लेने वाले बच्चे: आज जन्म लेने वाले बच्चों के नाम (लो, अ, इ, उ, ए) आदि अक्षरों पर रखे जा सकते हैं। अपराह्न 03-00 बजे तक जन्मे जातकों की जन्म राशि मेष व इसके बाद जन्मे जातकों की जन्म राशि वृष है। मेष राशि के स्वामी मंगल व वृष राशि के स्वामी शुक्र हैं। इनका जन्म स्वर्णपाद से है।

सामान्यत: ये जातक लोभी, होशियार, तेजस्वी, आशावादी, चालाक व वाचाल होते हंै। इनका भाग्योदय 29 वर्ष की आयु तक होता है। मेष राशि वाले जातकों के मान-सम्मान में वृद्धि होगी। उच्च प्रतिष्ठित लोगों से सम्पर्क होगा।


शुभ तिथि: षष्ठी नन्दा संज्ञक तिथि अपराह्न 03-47 तक, तदन्तर सप्तमी भद्रा संज्ञक तिथि है। षष्ठी तिथि में काठ की दातुन, यात्रा, उबटन व चित्रकारी के कार्यों को छोडक़र युद्ध, वास्तु, अलंकार व अन्य मांगलिक कार्य सिद्ध होते हैं। सप्तमी तिथि में विवाहादि समस्त शुभ व मांगलिक कार्य शुभ कहे गए हैं।

नक्षत्र: भरणी ‘‘उग्र व अधोमुख’’ संज्ञक नक्षत्र प्रात: 09-00 बजे तक, तदन्तर कृतिका ‘‘मिश्र व अधोमुख’’ संज्ञक नक्षत्र है। भरणी नक्षत्र में साहस, दारुण, शत्रुमर्दन, बन्धन, कुआं व कृषि सम्बन्धी, कार्य और कृतिका नक्षत्र में सभा साहस, अग्निग्रहण, शत्रुनाश व विवादादि कार्य करने योग्य है।


योग: व्याघात नामक नैसर्गिक अशुभ योग रात्रि 11-23 तक, तदन्तर हर्षण नामक नैसर्गिक शुभ योग है।
विशिष्ट योग: सर्वार्थसिद्धि नामक शुभ योग व दोष समूह नाशक शक्तिशाली रवियोग नामक शुभ योग प्रात: 09-00 बजे से तथा त्रिपुष्कर नामक शुभाशुभ योग अपराह्न 03-47 से अगले दिन सूर्योदय तक है।


करण: वणिज नामकरण अपराह्न 03-47 तक, तदुपरान्त अन्तरात 03-43 तक भद्रा व भद्रा के बाद बवादि करण प्रारम्भ हो जायेंगे।


व्रतोत्सव: आज हल षष्ठी व ललही छठ्, बलदेव जयन्ती, शिक्षक दिवस, डॉ. राधाकृष्णन जयन्ती, आदि व्रतोत्सव हैं।


चन्द्रमा: चन्द्रमा अपराह्न 03-00 बजे तक मेष राशि में व इसके बाद वृष राशि में रहेगा।


दिशाशूल: मंगलवार को उत्तर दिशा की यात्रा में दिशाशूल रहता है। चन्द्र स्थिति के अनुसार आज पूर्व-दक्षिण दिशा की यात्रा लाभदायक व शुभप्रद है।


राहुकाल (मध्यममान से): अपराह्न 3-00 बजे से सायं 4-30 बजे तक राहुकाल वेला में शुभकार्यारम्भ यथासम्भव वर्जित रखना हितकर है।