जयपुर

वर्ल्ड इमोजी डे आज: 65 फीसदी मानते हैं कि इमोजी से कम्युनिकेशन होता बेहतर

पत्रिका प्लस के ऑनलाइन सर्वे में जयपुराइट्स बोले, ‘नए इमोजी भी जोड़े जाने चाहिए’

3 min read
Jul 16, 2023
वर्ल्ड इमोजी डे आज: 65 फीसदी मानते हैं कि इमोजी से कम्युनिकेशन होता बेहतर

जयपुर। सोशल मीडिया के दौर में डिजिटल कम्युनिकेशन के दौरान इमोजी हमारी भावनाओं को व्यक्त करने का सबसे सशक्त माध्यम बन गई हैं। 2014 से हर साल 14 जुलाई को पूरी दुनिया में इलेक्ट्रॉनिक आइकंस के जरिए दिल की बात कहने के इस खास माध्यम को वल्र्ड इमोजी डे के रूप में सेलिब्रेट किया जाता है। 1990 के दशक में जापानी आर्टिस्ट और मोबाइल कम्युनिकेशन कंपनी में नए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर काम कर रहे शिगेताका कुरीता ने संभवत: पहली इमोजी डिजाइन की थीं। पत्रिका प्लस ने जयपुराइट्स से उनकी इमोजी हैबिट्स के बारे में जानने के लिए ऑनलाइन सर्वे किया। जयपुर समेत पूरे राजस्थान और देश के अलग-अलग शहरों के 13 साल से लेकर 63 साल तक के लोगों ने लोगों ने सर्वे में हिस्सा लिया।

इमोजी फैक्ट्स

-1990 के दशक में पहली बार इन्वेंट हुई इमोजी
-90 इमोजी थीं पहले सेट में, 1997 में हुईं रिलीज
-2014उ में पहली बार सेलिब्रेट किया गया वल्र्ड इमोजी डे
-17 जुलाई लिस्ट में कैलेंडर इमोजी शो करता है, इसलिए इस दिन मनाते हैं

फोल्डेड हैंड्स वाली इमोजी सबसे ज्यादा होती इस्तेमाल

सर्वे में जयपुराइट्स ने बताया कि इमोजी उनके लिए डेली डिजिटल कम्युनिकेशन का महत्वपूर्ण जरिया है। 30 फीसदी ने कहा कि वह प्रतिदिन कम से कम 5 इमोजी अपनी चैट्स में उपयोग करते हैं। ऐसे ही सर्वे में लोगों ने बताया कि वह डिजिटल कम्युनिकेशन, सोशल मीडिया चैट में फोल्डेड हैंड्स वाली इमोजी का सबसे ज्यादा यूज करते हैं। फेस विद टीयर्स ऑफ जॉय इमोजी दूसरी सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाली इमोजी है।

65 फीसदी मानते इमोजी से होता बेहतर कम्युनिकेशन

सर्वे में 65.5 फीसदी लोगों ने स्वीकार किया कि सोशल मीडिया प्लेटफॉम्र्स पर चैट करते समय इमोजी का इस्तेमाल उनकी बातचीत को और बेहतर एवं मीनिंगफुल बनाता है। 1000 शब्दों में जो बात लिखनी होती है, वह एक छोटी सी इमोजी आसानी से कह देती है। 52.8 फीसदी ने यह भी स्वीकार किया कि इमोजी से खुशी की भावना सबसे ज्यादा प्रकट की जाती है। 24.5 फीसदी ने प्यार और 9.4 फीसदी ने एक्साइटमेंट जाहिर करने के लिए इमोजी का इस्तेमाल करना स्वीकारा। 32 फीसदी का मानना है कि इमोजी भविष्य में डिजिटल कम्युनिकेशन में शब्दों की जगह लेसकती हैं।

लोग बोले, नई इमोजी भी जुडऩी चाहिए

इस सर्वे में लोगों से जब पूछा गया कि क्या वे मौजूदा इमोजी सेट्स से संतुष्ट हैं, तो लोगों ने कहा कि नई इमोजी भी जोड़ी जानी चाहिए ताकि उन भावनाओं को भी आसानी से प्रकट किया जा सके, जो समझाईं नहीं जा पातीं। लोगों ने, टेक्निकल फील्ड में काम करने वालों के लिए, बचकाना हरकतों के लिए, कुछ कह न पाने की विवशता को दर्शाती, राजस्थानी डायलॉग्स वाली इमोजी, सजेशंस के रूप में भी इमोजी शो होनी चाहिए, ट्रैफिक रूल्स वाली इमोजी, आई विल कॉल यू बैक, गेट वेल सून, आपदा से जुड़ी इमोजी और गॉड्स की इमोजी के लिए भी सुझाव दिए हैं।

Also Read
View All

अगली खबर