
बंद नहीं मिलेगा आबकारी थाना, बना रहेगा सम्पर्क सूत्र
आबकारी थानों के बाहर लिखे जाएंगे सम्पर्क नम्बर, तस्करी के मामलों पर पुख्ता निगरानी रखने के भी निर्देश
रंग लाया अभियान
जालोर. आबकारी निरोधक दल के थाने अब बंद नहीं मिलेंगे। किसी कारण से कार्मिक कहीं जाएंगे भी तो मुख्यद्वार पर सम्पर्क सूत्र मुहैया रहेगा, ताकि आगंतुकों को असुविधा न हो। आबकारी महकमे ने इस तरह के आदेश जारी किए हैं। इसके तहत थानों के बाहर अधिकारी के मोबाइल नम्बर लिखे जाएंगे। यह व्यवस्था आबकारी थानों के साथ ही आबकारी निरीक्षक कार्यालयों पर भी लागू होगी। राजस्थान पत्रिका में सिलसिलेवार समाचार प्रकाशित होने के बाद हरकत में आए में अधिकारियों ने इस तरह के आदेश जारी किए हैं। जिले में मादक पदार्थों की अवैध बिक्री की रोकथाम को लेकर पुख्ता निगरानी रखने एवं धरपकड़ के लिए भी निर्देश जारी किए गए।
आबकारी निरीक्षकों की बैठक
जिला आबकारी अधिकारी कार्यालय में बुधवार को जिले के सभी निरीक्षकों की बैठक ली गई। इसमें जिला आबकारी अधिकारी विनोद वैष्णव ने मादक पदार्थों की रोकथाम को लेकर नई रणनीति के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। गुजरात व अन्य जिलों के सीमावर्ती क्षेत्रों पर भी पुख्ता मॉनिटरिंग रखने की बात कही। इस दौरान जालोर निरीक्षक ईश्वरसिंह चौहान, भीनमाल के रविंद्रप्रताप सिंह, सांचौर के धर्मेंद्र चौधरी आदि मौजूद रहे।
बाहर बोर्ड पर रहेगा नाम व नम्बर
विभागीय आदेश के तहत आबकारी निरोधक दल संचालित थानों के बाहर अब अधिकारी का नाम और मोबाइल नम्बर लिखा जाएगा। निरीक्षक कार्यालयों के बाहर भी इसी तरह के बोर्ड लगेंगे, ताकि कार्यालय प्रभारी की गैर मौजूदगी में भी आगंतुक उनसे सम्पर्क कर सके। लोगों के साथ अधिकाधिक सम्पर्क होने पर महकमे का मुखबीर तंत्र भी मजबूत हो सकेगा।
पत्रिका ने उठाया मुद्दा
राजस्थान पत्रिका ने सिलसिलेवार समाचार प्रकाशित कर इस सम्बंध में महकमे का ध्यान आकर्षित किया था। इसके तहत 'ताले में बंद थाना, काम कम और मटरगश्ती ज्यादाÓ, 'लक्ष्यों की पूर्ति में हीरो, बड़ी उपलब्धियों में जीरोÓ व 'हर समय दर्शाते हैं व्यस्तता, बड़ी कार्रवाई एक भी नहींÓ शीर्षक से लगातार समाचार प्रकाशित किए, जिस पर महकमे में हड़कम्प मच गया। इसके बाद निरीक्षकों की बैठक लेकर आदेश जारी किए गए।
आदेश जारी किए हैं...
इस तरह के प्रकरणों को गंभीरता से लिया गया है। अब थाने ताले में बंद नहीं रहेंगे तथा बाहर बोर्ड पर अधिकारी का नाम व मोबाइल नम्बर भी लिखे जाएंगे। जिले में पुख्ता मॉनिटरिंग एवं कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। मामले में प्रहराधिकारी से भी स्पष्टीकरण मांगा है।
- विनोद वैष्णव, जिला आबकारी अधिकारी, जालोर
Published on:
23 May 2019 10:38 am
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