
बालक आश्रम कदमटोली, घुघरी।
जशपुरनगर. आदिवासी बच्चों के सम्पूर्ण विकास के लिए सरकार आदिवासी जिलों में आश्रम शालाओं की योजना का संचालन कर रही है। सरकार का उद्देश्य यही है कि आश्रम शालाओ के संचालन के माध्यम से आदिवासी बच्चों को भोजन और कपड़े के साथ रहवासी स्थल उपलब्ध हो, और इन बच्चों का सम्पूर्ण विकास हो। पर सरकार की इस योजना में बच्चों के भोजन के लिए आने वाले चावल को आश्रम अधीक्षक बेच दे तो, आप सोच सकते हैं कि योजनाओं का क्या हाल है। दरअसल ऐसा जशपुर जिले के बगीचा ब्लॉक के ग्राम पंचायत घुघरी के शासकीय बालक आश्रम कदमटोली में करते गांव के लोगों ने पूरे मामले का खुलासा किया है। जानकारी के अनुसार 24 दिसंबर की शाम इस आश्रम छात्रावास से 9 बोरी चावल लेकर एक पिकप निकला, जब गांव वालों ने शासकीय राशन का खुलेआम अफरा-तफरी होते देखा, तो उसका पीछा करते ग्राम पंचायत से लगे दूसरे पंचायत महुआडीह तक दौड़ाकर धर दबोचा।
ग्राम पंचायत के सरपंच पर भी उठ रही उंगलियां : अब सवाल यह उठता है कि अगर प्रशासन को खबर है तो घटना को बीते पांच दिन हो चुका है, और अब तक किसी प्रकार की कोई कार्यवाही क्यों नही हुई है। ग्रामीणों का तो यह भी कहना है कि इस आश्रम में साल भर में यह दूसरी घटना है, पहली बार तो ग्रामीणों को आश्रम अधीक्षिका ने आश्वस्त किया कि दुबारा ऐसा नही होगा, तो ग्रामीणों ने माफ कर दिया था। पर दूसरी बार यह घटना घटी तो ग्रामीण भी आक्रोशित हैं, सवाल अधीक्षिका के साथ सरपंच पर भी है, क्योंकि गांव के लोग आश्चर्यचकित हैं कि सरपंच कहीं अधीक्षिका के बचाव में तो नहीं, जो प्रशासन को सूचना और पंचनामा सुपूर्द नहीं दी गई है।
प्रशासन को अब तक नहीं दी कोई सूचना : ग्रामीणों ने सरपंच को बुलाया और सरपंच के माध्यम से पंचनामा बनाया और महुआडीह के उपसरपंच सोहन राम के घर मे चावल रखवा दिया। पर सरपंच द्वारा न तो अब तक पंचनामा ही प्रशासन को जमा किया गया है, और न ही प्रशासन को ही जानकारी दी गई है। फलस्वरूप इतना बड़ा मामला हो गया और अब तक प्रशासन द्वारा किसी प्रकार की कार्यवाही भी नहीं की गई है। गांव के लोगों को अंदेशा है कि क्या कोई घालमेल करने का प्रयास किया जा रहा है। पंचनामा में दस्तखत करने वाले ग्रामीणों ने बताया कि ये चावल किसी अशोक गुप्ता के व्यापारी के पिकप से पकड़ा गया है, जिस पंचनामा में अशोक गुप्ता ने यह बात कबूलते हुए दस्तखत किया कि यह चावल आश्रम अधीक्षिका से आश्रम से खरीदकर ले जा रहा था, और चावल उतारकर पिकप भी सुपुर्द कर दिया गया। सवाल तो यह भी है कि इतनी बड़ी घटना हो जाती है और प्रशासन को अब तक खबर तक नही।
इस मामले में हमने जब नायब तहसीलदार सहोदर साय पैंकरा से बात कि तो, उन्होंने बताया कि कुछ ग्रामीण हमारे पास आए थे, उन्होंने मौखिक में घटना के बारे में बताया, जिस पर सरपंच को फोन कर मैंने बोला है कि चावल को सुरक्षित रखें और पंचनामा को सौंपे। पर अब तक सरपंच के द्वारा पांचनामा ही जमा किया गया है, और न ही लिखित में सूचना। इस बात को लेकर चर्चा आम है कि यहां व्यापक पैमाने पर लगातार गड़बड़ी की जा रही है।
Published on:
29 Dec 2022 11:55 pm
बड़ी खबरें
View Allजशपुर नगर
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
