बंधक बनाए जाने की खबर गांव वालों को मिली तो कुछ लोग पीएचसी पहुंच गए। वहां सभी ने एएनएम के खिलाफ धरना देना शुरू कर दिया। मामला बिगड़ा तो बंधक बनाए गए लोगों को छोड़ दिया गया। बुधवार को मामले की जानकारी डीएम भानुचंद्र गोस्वामी को हुई तो उन्होंने जांच के आदेश दे दिए। जांच की जिम्मेदारी शाहगंज के अपर मुख्य चिकित्साधिकारी एसडीएम को दी गई, जांच कराई गयी तो एएनएम निर्मला शुक्ला दोषी पाई गई। जांच रिपोर्ट मिली तो डीएम ने एएनएम को निलंबित करने का आदेश दे दिया। मुख्य चिकित्साधिकारी डाॅ दिनेश यादव ने एएनएम को तत्काल प्रभाव से निलम्बित कर दिया।