झालरापाटन. हरिश्चंद्र कृषि उपज मंडी में सोयाबीन की आवक बढ़ती जा रही है। इन दिनों मंडी में 20 से 25 हजार कट्टों से ज्यादा सोयाबीन की आवक हो रही है। इससे मंडी में जगह नहीं है और सोयाबीन लेकर आ रहे किसानों को नीलामी के लिए दो से तीन दिन का इंतजार करना पड़ रहा है। खरीफ फसल के सीजन में सर्वाधिक आवक सोयाबीन की 25 हजार कट्टों की हो रही है और नीलामी 8 से 10 हजार कट्टों की होने के कारण किसानों को सोयाबीन तुलाई के लिए दूसरे दिन का इंतजार करना पड़ रहा है। इससे अधिक सोयाबीन की आवक होने पर 3 दिन तक किसान मंडी में इंतजार कर रहे हैं। मंडी परिसर में बुधवार को माहौल कुछ ऐसा था जब 20 हजार के मुकाबले में 10 हजार कट्टे सोयाबीन बिकी और 10 हजार कट्टे पेंडिंग रह गए। मंडी परिसर में हर तरफ सोयाबीन के ढेर लगे होने से पूरा परिसर पीले सोने से भरा नजर आ रहा था। पेंडिंग 10 हजार कट्टे की नीलामी गुरुवार को हो पाएगी। इस प्रकार किसानों को नीलामी के लिए दो से तीन दिन इंतजार करना पड़ रहा है और इस दौरान अपनी रात मंडी में बिताना पड़ रही है।
सीधे खरीद तुरंत लोडिंग
कृषि उपज मंडी में जितनी सोयाबीन की खरीद होती है उसको खरीदने वाले चुनिंदा व्यापारी सीधे तेल मिलों के लिए कट्टों में लदान करवाते हैं। ऐसे में जितनी लोडिंग वह करवा सकते हैं उतनी जिंस खरीदते हैं। इस कारण आवक के मुकाबले में जिस की खरीद नहीं होती है।
स्टाकिस्ट का अभाव
मंडी में गिनती की व्यापारिक फर्म जींस खरीदने का काम करती है, अधिकांश व्यापारी यहां सोयाबीन की खरीद करते हैं उनमें स्टॉक करने की प्रवृत्ति नहीं होने से वह माल खरीदने के साथ ही इसे आगे भेज देते हैं। इस कारण खरीद में दूरी बनी रहती है।
मंडी में कल खरीद बंद रहेगी, गेट अब सुबह 5 से शाम 5 बजे तक ही खुलेंगे
झालरापाटन. खाद्य एवं तिलहन व्यापार संघ, ग्रीन एंड सीड्स मर्चेंट एसोसिएशन की बैठक बुधवार को आयोजित गई। बैठक में मंडी सचिव डॉक्टर हेमलता मीणा, खाद्य एवं तिलहन व्यापार संघ अध्यक्ष प्रतिनिधि अनिल अग्रवाल, ग्रीन एंड सीड्स मर्चेंट एसोसिएशन अध्यक्ष घनश्याम नागर, दिलीप राठौर, अशोक मेहता, विकास चांदवाड, महेश मेडतवाल, राज बल्लभ पाटीदार, विजय मूंदड़ा, श्रेयांश कासलीवाल के साथ अन्य व्यापारी मौजूद थे। बैठक में व्यापारियों ने बताया कि इन दिनों मंडी में सोयाबीन की बंपर आवक हो रही है। इस कारण व्यापारियों को जींस की लोडिंग अप लोडिंग में परेशानी आ रही है। मंडी परिसर में सारे प्लेटफार्म और खुली जगह सोयाबीन से लबालब भरी हुई है। इस कारण नीलामी व्यवस्था में भी परेशानी आ रही है। डिया प्रभारी हरि राठौर ने बताया कि नीलामी की व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए सर्वसम्मति से निर्णय किया गया कि 13 अक्टूबर को मंडी में कारोबार बंद रहेगा। इस दिन गुरुवार की पेंडिग कृषि जिंसों की ही नीलामी होगी। मंडी में लगातार सोयाबीन की आवक बढ़ने के कारण प्रतिदिन कृषि मंडी के गेट कृषि जिंसों के प्रवेश के लिए सुबह 5 से शाम 5 बजे तक ही खुले रहेंगे। इसके बाद आने वाली कृषि जिंसों के वाहनों को कृषि मंडी के गेट के बाहर रखा जाएगा।