
सिर पर सिगड़ी रखकर 152 किलोमीटर पैदल चलती हैं महिलाएं
खाटू श्याम मंदिर में सूरजगढ़ के प्राचीन मंदिर का निशान चढ़ाया जाता है। यह निशान हजारों पदयात्रियों के साथ शनिवार को खाटू के लिए रवाना हुआ। सूरजगढ़ के इस प्राचीन निशान में कई महिलाएं मन्नत पूरी होने पर सिर पर सिगड़ी रख कर चलती हैं। निशान यात्रा में शामिल इन महिलाओं ने बताया कि वे जो भी बाबा श्याम से मांगतीं हैं, वह उन्हें मिलता है। मन्नत पूरी होने पर वे सिर पर सिगड़ी लेकर नाचते-गाते बाबा श्याम के दरबार में पहुंचती हैं और वहां सिगड़ी को अर्पित किया जाता है।
देश-विदेश से शामिल होते हैं भक्त
इस निशान यात्रा में शामिल होने के लिए ना केवल देश, बल्कि देश के बाहर से भी श्यामभक्त सूरजगढ़ पहुंचते हैं। यह निशान फाल्गुन शुक्ल छठ व सप्तमी के दिन सूरजगढ़ से रवाना होता है और द्वादशी के दिन खाटूश्याम के मंदिर के शिखर पर चढ़ाया जाता है। सूरजगढ़ से वर्तमान में दो निशान जाते हैं। एक निशान का नेतृत्व श्याम भगत मनोहर लाल इंदौरिया करते हैं, दूसरे निशान श्याम भगत हजारीलाल सैनी के नेतृत्व में जाता है। दोनों ही ध्वज को खाटूश्याम मंदिर के शीर्ष पर जगह दी जाती है। निशान यात्रा सूरजगढ़ से सुलताना, गुढ़ागौड़जी, गुरारा होते हुए जाएगी। लगभग 152 किलोमीटर की यात्रा में चार दिन में नाचते-गाते श्याम भक्त खाटूधाम पहुंचेंगे।
Published on:
16 Mar 2024, 7:21 PM IST
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